महाभारत के कर्ण पंकज धीर के निधन पर उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने जताया शोक, कहा – भारतीय कला जगत को अपूरणीय क्षति

रायपुर। छत्तीसगढ़ के उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने बुधवार को प्रसिद्ध अभिनेता पंकज धीर के निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि “महाभारत” में कर्ण की भूमिका निभाकर अमर हुए पंकज धीर का जाना भारतीय कला, संस्कृति और मनोरंजन जगत के लिए एक अपूरणीय क्षति है।
अपने शोक संदेश में अरुण साव ने कहा, “महाभारत में कर्ण के रूप में पंकज धीर ने जो अद्भुत अभिनय किया, वह भारतीय टेलीविजन इतिहास में हमेशा याद रखा जाएगा। उनके अभिनय की गहराई और सच्चाई ने उस किरदार को अमर बना दिया था।” उन्होंने कहा कि पंकज धीर न केवल एक शानदार अभिनेता थे, बल्कि बेहद सादगीपूर्ण और संवेदनशील इंसान भी थे।
साव ने कहा कि उन्होंने अपने अभिनय से कई पीढ़ियों के दर्शकों के दिलों में जगह बनाई। “ईश्वर से प्रार्थना है कि दिवंगत आत्मा को शांति दे और उनके परिवार को यह दुख सहने की शक्ति प्रदान करे। ॐ शांति।”
मनोरंजन जगत में शोक की लहर
पंकज धीर के निधन की खबर से पूरे फिल्म और टीवी जगत में शोक की लहर है। उन्होंने “महाभारत” के अलावा “बॉर्डर”, “घातक”, “तिरंगा”, “हम” जैसी कई सुपरहिट फिल्मों में यादगार किरदार निभाए। टीवी पर कर्ण के रूप में उनकी लोकप्रियता आज भी बरकरार है।
उनके बेटे निकीतेन धीर भी बॉलीवुड में एक सफल अभिनेता हैं और कई फिल्मों में खलनायक की भूमिका में नजर आ चुके हैं। पंकज धीर ने अपने जीवनकाल में अभिनय प्रशिक्षण संस्थान “अभिनेता स्टूडियो” के जरिए कई युवा कलाकारों को प्रशिक्षण दिया और उन्हें मार्गदर्शन प्रदान किया।
छत्तीसगढ़ में भी थी खास पहचान
छत्तीसगढ़ में भी पंकज धीर के काफी प्रशंसक थे। उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने कहा कि उनके निभाए किरदारों ने लोगों के मन में धर्म, साहस और निष्ठा की भावना को मजबूत किया। राज्य के मंत्रियों, जनप्रतिनिधियों और कला जगत से जुड़े लोगों ने भी उनके निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है।
कला प्रेमियों का कहना है कि “महाभारत” के कर्ण के रूप में पंकज धीर की पहचान हमेशा अमर रहेगी और आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बनकर जिंदा रहेगी।





