हत्या: मवेशियों को जंगल में छोड़ने का विवाद बना खूनी खेल , रास्ते में घात लगाकर हमला… एक की मौत, तीन घायल…..
दो बाइक से लौट रहे थे चार ग्रामीण, रलिया के पास अचानक बरसने लगे डंडे-रॉड... चीख-पुकार के बीच एक की गई जान......

बिलासपुर के मस्तूरी क्षेत्र में मवेशियों को जंगल में छोड़ने का विवाद उस वक्त खूनी संघर्ष में बदल गया, (हत्या) जब चार ग्रामीणों पर रास्ते में घात लगाकर हमला कर दिया गया। गुरुवार रात रलिया गांव के पास अचानक हुए हमले से ग्रामीणों में हड़कंप मच गया। हमले में चार लोग गंभीर रूप से घायल हुए, जिनमें 38 वर्षीय जीवन मेहर की मौत हो गई। बताया जा रहा है कि हमलावर पहले से रास्ते में घात लगाए बैठे थे। जैसे ही ग्रामीण वहां पहुंचे, उन पर अचानक हमला कर दिया गया। घटना के बाद गांव में तनाव का माहौल है और पुलिस हमलावरों की पहचान में जुटी है.
चीख-पुकार के बीच एक की गई जान (हत्या)
दरअसल, मस्तूरी क्षेत्र के ग्राम लिमतरा निवासी जीवन मेहर गुरुवार शाम करीब पांच बजे हीरालाल यादव, राकेश बरगाह और मुकेश पटेल के साथ आवारा मवेशियों को दलहा पहाड़ के जंगल में छोड़ने गए थे। रात करीब साढ़े आठ बजे मवेशियों को जंगल में छोड़कर चारों ग्रामीण दो बाइक से वापस अपने गांव लौट रहे थे। आरोप है कि रलिया गांव के पास पहुंचते ही रास्ते में पहले से मौजूद 6 से 8 लोगों ने उन्हें घेर लिया। ग्रामीण कुछ समझ पाते, इससे पहले ही आरोपितों ने अचानक हमला कर दिया। हमले में चारों घायल हो गए। घायलों के मुताबिक जीवन मेहर के सिर पर लोहे की रॉड और डंडे से लगातार वार किए गए।
गंभीर रूप से घायल जीवन सड़क पर गिर पड़े, जबकि उनके साथ मौजूद लोग किसी तरह वहां से बचकर निकले। इसके बाद घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने जीवन मेहर को मृत घोषित कर दिया।घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू की। मृतक का शव सिम्स की मरच्यूरी में रखवाया गया है, जबकि घायल तीन ग्रामीणों का मस्तूरी अस्पताल में उपचार चल रहा है। प्रारंभिक जांच में आवारा मवेशियों को जंगल में छोड़ने को लेकर लिमतरा और रलिया गांव के कुछ लोगों के बीच पहले से विवाद होने की बात सामने आई है।
यही विवाद गुरुवार रात अचानक हिंसक टकराव में बदल गया। हमले के बाद इलाके में तरह-तरह की चर्चाएं हैं और ग्रामीणों में भी घटना को लेकर नाराजगी है। पुलिस अब घायलों और प्रत्यक्षदर्शियों से पूछताछ कर हमलावरों की पहचान करने में जुटी है। मामला सिर्फ मवेशियों को जंगल में छोड़ने के विवाद का था या इसके पीछे कोई पुरानी रंजिश भी थी, इसकी जांच के बाद ही पूरी तस्वीर सामने आएगी………..





