केरल में वीडी सतीशन सरकार का गठन, कैबिनेट में क्षेत्रीय और सामाजिक संतुलन पर खास फोकस

केरल में कांग्रेस नीत यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (यूडीएफ) सरकार ने सोमवार को शपथ ग्रहण किया। राहुल गांधी और प्रियंका गांधी की मौजूदगी में वीडी सतीशन ने मुख्यमंत्री पद की शपथ ली। शपथ ग्रहण से पहले ही नई कैबिनेट का ऐलान कर दिया गया था, जिसमें मुख्यमंत्री सहित कुल 21 मंत्री शामिल किए गए हैं।
नई सरकार में क्षेत्रीय, धार्मिक और जातिगत संतुलन का खास ध्यान रखा गया है। मुख्यमंत्री वीडी सतीशन सवर्ण नैयर समुदाय से आते हैं। कैबिनेट में 2 महिलाओं को शामिल किया गया है, वहीं लंबे समय बाद अनुसूचित जाति समुदाय से 2 नेताओं को मंत्री बनाया गया है।
यूडीएफ सरकार में कांग्रेस के सबसे ज्यादा 11 मंत्री शामिल हैं। इसके अलावा इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग और केरल कांग्रेस जैसे सहयोगी दलों को भी प्रतिनिधित्व दिया गया है।
सरकार में धार्मिक संतुलन भी देखने को मिला। 21 सदस्यीय कैबिनेट में 8 हिंदू, 6 मुस्लिम और 7 ईसाई समुदाय से मंत्री बनाए गए हैं। मुस्लिम समुदाय से एक महिला नेता को डिप्टी स्पीकर की जिम्मेदारी देने का फैसला किया गया है।
ईसाई समुदाय से शामिल मंत्रियों में रोमन कैथोलिक, लैटिन कैथोलिक, जौकोबिट और मार थोमा समुदाय के नेता शामिल हैं। वहीं हिंदू समुदाय में नैयर और एझवा समाज को प्रमुख प्रतिनिधित्व मिला है।
नई सरकार में कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं के साथ कई नए चेहरों को भी जगह दी गई है। वहीं सहयोगी दलों के नेताओं को भी मंत्री पद सौंपे गए हैं।
यूडीएफ ने यह भी घोषणा की है कि कोझिकोड क्षेत्र से विधायक परक्कल अब्दुल्ला को सरकार के ढाई साल पूरे होने के बाद मंत्रिमंडल में शामिल किया जाएगा।
नई कैबिनेट में उत्तरी केरल के जिलों को भी अच्छा प्रतिनिधित्व मिला है। हालांकि फिलहाल कोझिकोड और कासरगोड जिलों से किसी मंत्री को जगह नहीं मिली है।





