हार के बाद भी नहीं बदला परिचय, सोशल मीडिया पर अब भी खुद को मुख्यमंत्री बता रहीं ममता बनर्जी

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में हार के बाद भी तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी ने अपनी हार को पूरी तरह स्वीकार नहीं किया है। राज्यपाल द्वारा विधानसभा भंग किए जाने के बाद अब वह आधिकारिक तौर पर पूर्व मुख्यमंत्री हो चुकी हैं, लेकिन सोशल मीडिया पर अब भी खुद को “मुख्यमंत्री, पश्चिम बंगाल” बता रही हैं।
दरअसल, राज्यपाल आरएन रवि ने 7 मई को विधानसभा भंग करने की घोषणा की थी। इसके बाद भाजपा विधायक दल के नेता चुने गए सुवेंदु अधिकारी ने सरकार बनाने का दावा पेश किया। जानकारी के मुताबिक, वह शनिवार सुबह मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे।
इसके बावजूद ममता बनर्जी के एक्स (पूर्व ट्विटर) और फेसबुक प्रोफाइल पर अब भी उनकी पहचान “ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस की संस्थापक अध्यक्ष और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री” के रूप में दिखाई दे रही है। इसको लेकर राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज हो गई है।
ममता बनर्जी पहले ही चुनाव परिणामों पर सवाल उठा चुकी हैं। 5 मई को आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने कहा था कि आधिकारिक नतीजे जनता की असली राय को नहीं दर्शाते। उनका दावा है कि करीब 100 सीटों पर “वोटों की लूट” हुई है।
उन्होंने परंपरा के अनुसार राज्यपाल को इस्तीफा सौंपने से भी इनकार कर दिया था। ममता का कहना है कि वह चुनावी नतीजों को पूरी तरह सही नहीं मानतीं।
भवानीपुर सीट से भी ममता बनर्जी को भाजपा नेता सुवेंदु अधिकारी ने 15 हजार से ज्यादा वोटों से हराया। हालांकि, ममता ने अपनी हार स्वीकार करने से इनकार करते हुए चुनाव प्रक्रिया पर सवाल खड़े किए हैं।
वहीं भाजपा ने ममता बनर्जी के इस रवैये पर निशाना साधते हुए कहा है कि जनता का फैसला स्वीकार करना लोकतंत्र की सबसे बड़ी मर्यादा होती है।





