हाथियों के झुंड ने युवक को कुचलकर मार डाला, स्कूलों में छुट्टी घोषित

छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर में सोमवार को करीब 25 हाथियों का झुंड शहर के नजदीक लालमाटी क्षेत्र में प्रवेश कर गया। इस दौरान कुछ लोग हाथियों का वीडियो और फोटो लेने के चक्कर में खतरनाक नजदीक चले गए। वन विभाग और पुलिस की चेतावनी को नजरअंदाज करने पर 19 वर्षीय राजकुमार नाइक पिता चंदू नाइक को हाथियों ने कुचल दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। मृतक भोपाल का रहने वाला था और अंबिकापुर में मजदूरी कर रहा था।
हाथियों के आने से इलाके में भय का माहौल बन गया। लोग अपने घरों को छोड़ कर सुरक्षित स्थानों पर चले गए। प्रभावित क्षेत्रों में वन और पुलिस विभाग की टीमें लगातार निगरानी में रही और हाथियों को सुरक्षित तरीके से खदेड़ने का प्रयास किया। हालांकि हाथियों ने रास्ते में घरों को तोड़ा और फसलों को भी भारी नुकसान पहुँचाया। रामनगर और बधियाचुआं बस्तियों में फसलें और घरों का नुकसान हुआ।
हाथियों के चलते ब्रिलियंट पब्लिक स्कूल और आसपास के सरकारी स्कूलों में अवकाश घोषित कर दिया गया। विकासखंड शिक्षा अधिकारी ने बच्चों की सुरक्षा के लिए शिक्षकों को निर्देश दिए कि जो छात्र स्कूल पहुंचे हैं, उन्हें सुरक्षित घर भेजा जाए। वहीं, छात्रों और स्टाफ की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए विद्यालय संचालन में सतर्कता बरती जा रही है।
सरगुजा डीएफओ अभिषेक जोगावत ने लोगों से अपील की है कि हाथियों के पास न जाएँ, उनका फोटो या वीडियो लेने का प्रयास न करें। यह न केवल खतरनाक है बल्कि जीवन के लिए भी जोखिम भरा हो सकता है। वन विभाग द्वारा हाथियों की गतिविधियों की नियमित निगरानी की जा रही है और स्थानीय ग्रामीणों को समय-समय पर सचेत किया जा रहा है।
हाथियों के सक्रिय होने से प्रभावित क्षेत्रों में लोगों की सुरक्षा के लिए प्रशासन ने विशेष सतर्कता बरती है। ग्रामीणों का कहना है कि हाथियों के लगातार इलाके में आने से जीवन और संपत्ति दोनों पर खतरा बढ़ गया है। वन और पुलिस विभाग का समन्वय ही इन खतरनाक परिस्थितियों को नियंत्रित करने का मुख्य साधन है। ग्रामीणों से अपील की गई है कि सुरक्षित स्थानों पर रहें और हाथियों के पास जाने से बचें।





