वृन्दावन से शहर पधारे संत ने किया गौ सेवा धाम का अवलोकन, कहा गौ सेवा सबसे बड़ा पुण्य

बिलासपुर। बिलासपुर गौसेवा धाम में बीमार एक्सिडेंट गौवंशो कि सेवा देख वृंदावन मलुक पीठ से शहर पधारे संत रसराज दास जी महाराज का गौसेवकों ने किया स्वागत वृंदावन धाम से अपने शिष्यों के साथ बिलासपुर गौसेवा धाम में गौमाता कि सेवा कि व सत्संग प्रवचन में कहा मनुष्य के कल्याण के लिए गौसेवा आवश्यक चराचर जगत में केवल गाय ही एक ऐसी मां है जो न जाती न वर्ग न धन वान न गरीब किसी प्रकार का पक्षपात किए बिना सब को अमृत रुपी दूग्ध पीला कर पोषण करती है हर मनुष्य गौवंश के इस ऋण से ऋणी है।
गौमाता का दूध दही घी गोबर गोमूत्र गोरस पंचगव्य जो हर प्रकार से कल्याण कारी है स्वयं भगवान ने भी गाय कि सेवा कि है महाराज ने कहा हम मनुष्य भी अगर अपने घर पर एक गाय अवश्य रखें जिस घर में गाय रहती है वह घर घर नहीं अपितु सर्व देवमयी मंदिर है सनातन धर्म के वेद पुराण उपनिषद् में वर्णित है गाय के रोम रोम में देवताओं का वास होता है गाय को चारा खिलाने मात्रा से देवताओं को भोग लग जाता है।
गौमाता कि उपेक्षा ही हमारे पतन का कारण है गोचर भूमि तक मनुष्य खा गया ऐसे में गौवंश सड़क पर भूखे प्यासे भटक रहे हैं अगर हर सनातनी हिन्दू निःस्वार्थ भाव से अपने घर में मात्र एक गौवंश रख लें तो उसका कल्याण सुनिश्चित है गौवंश कि सेवा से यह लोक और परलोक दोनो सुगम हो जाएगा है।





