कर्मचारी संघ मांग: जर्जर हो चुकी पुरानी कम्पोजिट भवन की मरम्मत की मांग, कर्मचारी संघ ने प्रशासन को सौंपा ज्ञापन
टपकती छत, शौचालय और पेयजल की समस्या से कर्मचारी परेशान, भवन की सुरक्षा पर उठे सवाल

शहर स्थित पुरानी कम्पोजिट भवन, जहां कई महत्वपूर्ण शासकीय कार्यालय संचालित हैं, (कर्मचारी संघ मांग) उसकी जर्जर स्थिति को लेकर कर्मचारी संघ ने प्रशासन का ध्यान आकर्षित किया है। संघ ने भवन की मरम्मत सहित मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग करते हुए विस्तृत ज्ञापन सौंपा है। कर्मचारी संघ का कहना है कि वर्ष 1962 के आसपास निर्मित इस भवन में वर्तमान में रजिस्ट्री कार्यालय, जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय, कृषि विभाग, पंचायत एवं समाज कल्याण विभाग, आदिवासी विकास विभाग, मत्स्य विभाग, आबकारी विभाग सहित कई महत्वपूर्ण कार्यालय संचालित हो रहे हैं, जहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में कर्मचारी और आम नागरिक पहुंचते हैं।
भवन की सुरक्षा पर उठे सवाल (कर्मचारी संघ मांग)
भवन की स्थिति लगातार खराब होती जा रही है। छतों का प्लास्टर टूटकर नीचे गिरता रहता है, जिससे दुर्घटना की आशंका बनी रहती है। वहीं बारिश के दिनों में छत से पानी टपकने के कारण कार्यालयों और गलियारों में जलभराव हो जाता है। इससे कर्मचारियों और आम लोगों के फिसलकर घायल होने का खतरा बना रहता है।
कर्मचारी संघ ने प्रशासन से मांग की है कि भवन की छतों की तत्काल मरम्मत कराई जाए, संपूर्ण भवन का रंग-रोगन और जीर्णोद्धार कराया जाए तथा महिलाओं और पुरुषों के लिए अलग-अलग सुलभ शौचालयों का निर्माण किया जाए। इसके अलावा कार्यालयों के लिए अलग ट्रांसफार्मर स्थापित करने, भवन के पीछे व्यवस्थित वाहन स्टैंड बनाने और स्वच्छ पेयजल व निस्तारी की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने की भी मांग की गई है।
संघ ने यह भी मांग रखी है कि पुराने वाहन स्टैंड परिसर में स्थित जर्जर चार कमरों में से एक कमरे का आवंटन कर्मचारी कल्याण भवन के रूप में किया जाए, ताकि कर्मचारियों की समस्याओं के समाधान और बैठकों के लिए उपयुक्त स्थान उपलब्ध हो सके।
कर्मचारी संघ ने प्रशासन से आग्रह किया है कि भवन की जर्जर स्थिति को देखते हुए कर्मचारियों और आम नागरिकों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए सभी मांगों पर शीघ्र कार्रवाई की जाए। संघ का कहना है कि समय रहते आवश्यक मरम्मत और सुविधाएं उपलब्ध नहीं कराई गईं तो आंदोलन करने के लिए मजबूर होना पड़ेगा





