महासमुंद में तंबाकू के खिलाफ सख्त कार्रवाई, 18 चालान काटे गए

महासमुंद: राष्ट्रीय तंबाकू नियंत्रण कार्यक्रम (NTCP) के तहत गुरुवार को महासमुंद जिले के झलप क्षेत्र में संयुक्त प्रवर्तन दल ने तंबाकू उत्पाद बेचने और उपयोग करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की। यह कार्रवाई मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. पी. कुदेशिया के निर्देशन में, डीपीएम नीलू घृतलहरे के मार्गदर्शन और जिला नोडल अधिकारी (NTPC) डॉ. छत्रपाल चंद्राकर के सहयोग से की गई।
इस अभियान में खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग, पुलिस विभाग और स्वास्थ्य विभाग की संयुक्त टीम ने हिस्सा लिया। कोटपा एक्ट 2003 (COTPA Act 2003) के अंतर्गत नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कुल 18 चालान काटे गए।
कोटपा एक्ट के तहत की गई कार्रवाई
इस अभियान का मुख्य उद्देश्य कोटपा एक्ट की विभिन्न धाराओं के अंतर्गत तंबाकू के उपयोग और बिक्री पर रोक लगाना है।
धारा 04: सार्वजनिक स्थानों पर धूम्रपान निषेध।
धारा 06 (अ): नाबालिगों को तंबाकू उत्पाद बेचने और उनके उपयोग पर प्रतिबंध।
धारा 06 (ब): शैक्षणिक संस्थानों के 100 गज के दायरे में तंबाकू उत्पादों की बिक्री पर रोक।
संयुक्त दल की कार्रवाई
खाद्य सुरक्षा अधिकारी ज्योति भानु और औषधि निरीक्षक अवधेश भारद्वाज ने शैक्षणिक संस्थानों और सार्वजनिक स्थानों की गहन जांच की। इस अभियान में थाना निरीक्षक शरद दुबे और प्रधान आरक्षक नरेन्द्र साहू का विशेष योगदान रहा।
लोगों को जागरूक करने की कोशिश
इस अभियान का उद्देश्य न केवल नियमों का सख्ती से पालन करवाना है, बल्कि लोगों को तंबाकू के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करना भी है। अधिकारीयों ने बताया कि यह अभियान आगे भी जारी रहेगा और तंबाकू उत्पादों के अवैध उपयोग पर कड़ी निगरानी रखी जाएगी।
महासमुंद में की गई इस कार्रवाई से साफ है कि प्रशासन तंबाकू के दुष्प्रभावों को रोकने के लिए पूरी तरह से गंभीर है। उम्मीद की जा रही है कि ऐसे अभियानों से लोग जागरूक होंगे और तंबाकू का उपयोग करने से बचेंगे।





