महादेवगढ़ मंदिर में जलाभिषेक और पूजा-अर्चना के बाद उन्होंने हनुमान जी की आरती भी की। मुस्तफा ने कहा कि सनातन धर्म आत्म जागृति और विश्व कल्याण का मार्ग है, इसलिये उन्होंने स्वेच्छा से इसे अपनाया। मुस्तफा ने अपने निर्णय को लेकर कहा कि देश और दुनिया की शांति के लिए सनातन धर्म सर्वोत्तम मार्ग है और उन्होंने प्रेरणा पाकर यह कदम उठाया।
भटके हुए लोगो से सनातन धर्म अपनाने की अपील
कुछ दिनों पहले फिरोज से राहुल बने एवं इमरान से ईश्वर बने युवक को देखकर मेरी इच्छा जागृत हुई और मैंने स्वयं महादेवगढ़ मंदिर में आकर स्वेच्छा से सनातन धर्म को स्वीकार किया। उन्होंने कहा कि मेरा अन्य भटके हुए युवाओं से भी आग्रह है कि हमारे पूर्वजों का डीएनए राम-कृष्ण से ही मिलता है।