बंगाल में रिकॉर्ड वोटिंग से बढ़ा सस्पेंस—89.93% मतदान के बाद किसकी बनेगी सरकार?

पश्चिम बंगाल की 152 सीटों पर हुए मतदान ने चुनावी माहौल को और गर्म कर दिया है। इस बार करीब 89.93% वोटिंग हुई, जो अब तक का सबसे ज्यादा रिकॉर्ड है। इससे पहले 2011 के चुनाव में करीब 84% मतदान हुआ था।
इस बंपर वोटिंग के बाद अब सबसे बड़ा सवाल है—फायदा किसे मिलेगा? प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी दोनों ही अपनी-अपनी जीत का दावा कर रहे हैं।
जिलों में कैसा रहा मतदान?
कई जिलों में जबरदस्त वोटिंग देखने को मिली-
- कूचबिहार: 92% से ज्यादा
- साउथ दिनाजपुर: 93% से ज्यादा
- मुर्शिदाबाद: 91% से ज्यादा
- बीरभूम: 91% से ज्यादा
लगभग हर जिले में 85% से ऊपर मतदान हुआ, जो लोगों की बढ़ती भागीदारी को दिखाता है।
पिछले चुनाव में क्या था हाल?
2021 के चुनाव के आंकड़ों पर नजर डालें तो:
- उत्तर बंगाल के कई जिलों में बीजेपी मजबूत थी
- मुर्शिदाबाद, मालदा और बीरभूम में टीएमसी का दबदबा रहा
- कुछ इलाकों में दोनों पार्टियों के बीच कांटे की टक्कर थी
अब क्या है स्थिति?
इस बार रिकॉर्ड मतदान के कारण चुनाव और दिलचस्प हो गया है।
- टीएमसी को उम्मीद है कि ज्यादा वोटिंग से उसे फायदा होगा
- वहीं बीजेपी भी दावा कर रही है कि बदलाव की लहर है
असली नतीजा 4 मई को सामने आएगा, तब पता चलेगा कि बंगाल में फिर ममता बनर्जी की वापसी होगी या बीजेपी नई सरकार बनाएगी।





