Parashurama Jayanti Procession: बिलासपुर में परशुराम जयंती पर उमड़ा विप्र समाज; सरकंडा से निकाली गई पहली भव्य शोभायात्रा
मुस्लिम समाज और हनुमान समिति ने भी किया स्वागत, झांकियों ने मोहा मन

अक्षय तृतीया के पावन अवसर पर न्यायधानी बिलासपुर में भगवान परशुराम की जयंती पूरे हर्षोल्लास के साथ मनाई गई। (Parashurama Jayanti Procession) इस अवसर पर विप्र समाज द्वारा पहली बार सरकंडा क्षेत्र से एक विशाल शोभायात्रा निकाली गई, जिसमें आस्था और भव्यता का अनूठा संगम देखने को मिला। भगवान परशुराम और श्री राम की मनमोहक झांकियों के साथ निकली इस यात्रा ने पूरे शहर को भक्तिमय कर दिया। खास बात यह रही कि इस शोभायात्रा का स्वागत न केवल हिंदू संगठनों ने, बल्कि मुस्लिम समाज ने भी कर आपसी भाईचारे की मिसाल पेश की

सरकंडा से निकाली गई पहली भव्य शोभायात्रा, (Parashurama Jayanti Procession)
अक्षय तृतीया के पर्व पर परशुराम सेवादार समिति की ओर से आयोजित यह शोभायात्रा अशोक नगर स्थित श्रीराम भिक्षुक दास महाराज प्रांगण से प्रारंभ हुई। यात्रा में भगवान परशुराम की आकर्षक झांकी के साथ पारंपरिक वेशभूषा में सजे श्रद्धालु जयघोष करते हुए आगे बढ़ रहे थे। नूतन चौक, सीपत चौक और श्रीराम सेतु चौक होते हुए यह शोभायात्रा तिलक नगर के वाजपेयी मैदान पहुंची। मार्ग में भक्ति गीतों और वाद्य यंत्रों की गूंज से पूरा वातावरण गुंजायमान रहा। अंतिम पड़ाव पर वाजपेयी मैदान में भव्य महाआरती और धर्म सभा का आयोजन किया गया, जहाँ समाज के वरिष्ठ जनों और प्रतिभाशाली युवाओं का सम्मान कर विप्र गौरव को प्रोत्साहित किया गया….
झांकियों ने मोहा मन
शोभायात्रा के दौरान काली खप्पर वाली दल का प्रदर्शन और शौर्य का प्रदर्शन कर रही महिलाओं व युवाओं की टोलियां विशेष आकर्षण का केंद्र रहीं। पूरे यात्रा मार्ग को बैनर-पोस्टरों और स्वागत द्वारों से भव्य रूप से सजाया गया था। आयोजन में समाज के अनेक गणमान्य पदाधिकारी और बड़ी संख्या में मातृशक्ति सम्मिलित हुई। सेवादार समिति के कार्यकर्ताओं ने व्यवस्थाओं को सुचारू बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, जिससे हजारों की संख्या में मौजूद श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा नहीं हुई….
मुस्लिम समाज और हनुमान समिति ने भी किया स्वागत
सामाजिक समरसता के लिहाज से यह आयोजन बेहद खास रहा। शोभायात्रा का मार्ग में जगह-जगह पुष्प वर्षा कर भव्य स्वागत किया गया। अशोक नगर से शुरू होकर पूरे मार्ग में विभिन्न समुदायों ने स्वागत द्वार लगाए थे। विशेष रूप से हुंडई चौक में खान बाड़ा के मुस्लिम समाज के लोगों और हनुमान सेवा समिति ने एक साथ आकर शोभायात्रा का आत्मीय स्वागत किया, जो शहर की गंगा-जमुनी तहजीब को दर्शाता है। विप्र समाज के इस शक्ति प्रदर्शन और भक्ति आयोजन ने सरकंडा और आसपास के क्षेत्रों में एक नई उमंग और उत्साह का संचार कर दिया है….
आयोजन में प्रमुख रूप से बंसीलाल गौरहा, गणेश शास्त्री, चंद्रभूषण शुक्ला, मनोहरलाल मिश्रा, जागेश्वर पांडेय, प्रफुल्ल शर्मा, अरविंद दीक्षित, जयश्री शुक्ला, प्रदीप शुक्ला, शिवा मिश्रा, राजेश पाण्डेय, संजय शर्मा, राजेश शुक्ला, राजेश चौबे, संजय दुबे, प्रकाश तिवारी, डी के शर्मा, वी के पांडेय, डी के पांडेय, श्याम शुक्ला, नागेंद्र शर्मा, विजय पांडेय, लता मिश्रा, गीता तिवारी, संध्या तिवारी
परशुराम सेवादार समिति के सदस्यों मे अमित तिवारी,गौरव तिवारी, शिल्पी तिवारी, श्याम मोहन दुबे, सुरेश पाण्डेय, सिद्धांशु मिश्रा, ज्योतिंद्र उपाध्याय, स्वप्निल शुक्ला, अभिनव तिवारी, रोशन अवस्थी, चंद्रचूड़ त्रिपाठी, स्वर्णा शुक्ला, सुनील दत्त तिवारी, रितेश शुक्ला, देवांश अवस्थी, संदीप बाजपेई, आनंद मिश्रा, राजा अवस्थी, नवीन तिवारी, प्रदीप पांडेय, विशाल तिवारी, आयुष दुबे, शुभम मिश्रा, निखिल शर्मा, विकास दुबे, अभिषेक दुबे, सुमन अवस्थी, दीपा शर्मा, संजना मिश्र, शिवांश शुक्ला, आयुष तिवारी, पिंटू दुबे शामिल रहे….इस आयोजन में विप्र समाज के इन प्रमुख चेहरों के साथ-साथ बड़ी संख्या में मातृशक्ति और युवा सदस्य भी सम्मिलित हुए, जिन्होंने यात्रा को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई





