श्रीनगर के नौगाम थाने में अमोनियम नाइट्रेट से भीषण धमाका, 8 पुलिसकर्मियों समेत 9 की मौत

श्रीनगर के बाहरी इलाके में स्थित नौगाम पुलिस स्टेशन में शुक्रवार देर रात एक भीषण धमाका हुआ, जिसमें 8 पुलिसकर्मियों सहित कुल 9 लोगों की मौत हो गई, जबकि 27 से अधिक लोग घायल हैं। धमाका उस समय हुआ जब पुलिस और फोरेंसिक टीम हाल ही में जब्त किए गए विस्फोटकों के नमूने ले रही थी। शुरुआती जांच में सामने आया है कि घटना का कारण अमोनियम नाइट्रेट से हुए आकस्मिक विस्फोट को माना जा रहा है। विस्फोट इतना शक्तिशाली था कि पुलिस स्टेशन परिसर से उठता धुआं आसपास के इलाकों तक देखा गया और इमारत को भारी नुकसान पहुंचा।
घटना के तुरंत बाद घायल पुलिसकर्मियों और नागरिकों को नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया। श्रीनगर के डिप्टी कमिश्नर अक्षय लाबरू ने अस्पताल पहुंचकर घायलों का हाल जाना और आवश्यक निर्देश दिए। घटनास्थल पर बम निरोधक दस्ते और जांच टीमें पहुंच गई हैं, हालांकि लगातार छोटे-छोटे धमाकों के कारण राहत-बचाव कार्य में बाधा आई।
अधिकारियों के अनुसार, यह विस्फोट उस विस्फोटक सामग्री के नमूने लेते समय हुआ, जिसे फरीदाबाद से जब्त किया गया था। यह विस्फोटक एक बड़े आतंकी मॉड्यूल की जांच का हिस्सा था। बताया जा रहा है कि बरामद 360 किलोग्राम विस्फोटक में अमोनियम नाइट्रेट, पोटेशियम नाइट्रेट और सल्फर शामिल थे। विस्फोट के बाद मौके से छह शव बरामद किए गए, जबकि तीन ने अस्पताल में दम तोड़ा। मृतकों की आधिकारिक पहचान जारी नहीं की गई है।
नौगाम पुलिस स्टेशन सुरक्षा की दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है क्योंकि इसी थाने में इंटर-स्टेट टेरर मॉड्यूल मामले की FIR दर्ज की गई थी। हाल ही में जारी हुए CCTV फुटेज के आधार पर कई संदिग्धों की पहचान हुई थी, जिसके बाद डॉक्टरों और युवकों की गिरफ्तारी भी हुई। जांच में सामने आया है कि पूरा मॉड्यूल डॉक्टरों की एक तिकड़ी द्वारा संचालित किया जा रहा था, जिनमें से एक आरोपी दिल्ली के लाल किले के पास हुए कार ब्लास्ट से भी जुड़ा है।
धमाके के बाद पूरे इलाके की घेराबंदी कर दी गई है और विस्फोट के पीछे की परिस्थितियों की गहन जांच जारी है।





