स्नेहा के लिए ज़िंदगी बन गई थी बोझ, सिग्नेचर ब्रिज से कूदकर दी जान, सुसाइड नोट में लिखी दर्दनाक बातें

नई दिल्ली:दिल्ली के सिग्नेचर ब्रिज से लापता हुई स्नेहा देबनाथ की मौत की पुष्टि हो चुकी है। रविवार को पुलिस ने उसका शव गीता कॉलोनी फ्लाईओवर के पास यमुना नदी से बरामद किया। स्नेहा ने मरने से पहले एक सुसाइड नोट लिखा था, जिसमें उसने अपने जीवन को बोझ और खुद को असफल बताया। स्नेहा ने लिखा कि जीना उसके लिए असहनीय हो गया था, इसलिए उसने आत्महत्या करने का फैसला लिया। सुसाइड नोट में स्नेहा ने साफ लिखा कि यह उसका खुद का निर्णय है और इसके लिए किसी को दोषी न ठहराया जाए। उसने लिखा कि “मैं 7 जुलाई की सुबह सिग्नेचर ब्रिज से कूदकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर रही हूं, इसमें किसी की भी गलती नहीं है, सिर्फ मेरी गलती है।”
स्नेहा देबनाथ मूल रूप से त्रिपुरा की रहने वाली थीं और दक्षिण दिल्ली के महरौली थाना क्षेत्र के पर्यावरण कॉम्प्लेक्स में रहती थीं। 7 जुलाई को उन्होंने अपनी मां को बताया था कि वह अपनी दोस्त पटुनिया को रेलवे स्टेशन छोड़ने जा रही हैं। इसके बाद वह घर वापस नहीं लौटीं। परिजनों की शिकायत पर महरौली थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई गई। पुलिस द्वारा की गई जांच में यह सामने आया कि कैब ड्राइवर ने स्नेहा को दिल्ली के सिग्नेचर ब्रिज पर छोड़ा था। इसके बाद से वह लापता थीं और रविवार को उनका शव यमुना नदी से मिला।
इस घटना ने एक बार फिर से मानसिक स्वास्थ्य और युवाओं में बढ़ते दबाव की गंभीरता को सामने लाया है। पुलिस ने मामले में आगे की जांच शुरू कर दी है।





