स्वास्थ्य संकट:भारत में बढ़ रहा मोटापे का संकट, 2050 तक आधी आबादी हो सकती है प्रभावित

स्वास्थ्य संकट:भारत में मोटापे का संकट तेजी से बढ़ रहा है, और अब एक नई रिपोर्ट में यह खुलासा हुआ है कि आने वाले 25 वर्षों में देश की आधी से अधिक आबादी मोटापे से ग्रस्त हो सकती है। लैंसेट जर्नल की स्टडी के अनुसार, 2050 तक भारत में मोटापे से पीड़ित वयस्कों की संख्या 40 मिलियन तक पहुंच सकती है, जिसमें 218 मिलियन पुरुष और 231 मिलियन महिलाएं शामिल हो सकती हैं। यह आंकड़ा चीन के बाद दुनिया में दूसरा सबसे बड़ा होगा।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी कई बार मोटापे को लेकर चिंता जताई है और इसे खत्म करने के लिए कदम उठाने की बात की है। उन्होंने कहा था कि एक स्वस्थ और फिट राष्ट्र बनने के लिए मोटापे से निपटना बेहद जरूरी है। वहीं, कांग्रेस की ओर से भी इस मुद्दे पर सवाल उठाए गए हैं। भारत में इस समय हर दूसरा इंसान मोटापे के कारण परेशान है और तरह-तरह के उपाय भी अपनाए जा रहे हैं, लेकिन इसका असर बहुत कम ही दिख रहा है।
लैंसेट की रिपोर्ट के मुताबिक, 2021 में दुनिया के लगभग आधे वयस्क मोटापे से परेशान थे। भारत में, यह संख्या 180 मिलियन से अधिक थी, जिसमें 81 मिलियन पुरुष और 98 मिलियन महिलाएं शामिल थीं। शोधकर्ताओं ने यह भी अनुमान लगाया कि 2050 तक भारत में 5-14 वर्ष की आयु के 16 मिलियन लड़के और 14 मिलियन से अधिक लड़कियां मोटापे से प्रभावित हो सकती हैं।
विश्व स्वास्थ्य संगठन के एक्सपर्ट्स का मानना है कि मोटापा अब वैश्विक महामारी का रूप ले चुका है। उन्होंने यह भी कहा कि मोटापे को रोकने के लिए सरकारों और स्वास्थ्य संस्थाओं को मिलकर काम करना होगा, ताकि इस संकट का हल निकाला जा सके।





