संघर्ष से शिखर तक पहुंचीं किरण पिस्दा, खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स में दिखाया दम
रायपुर। खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स के सेमीफाइनल में शानदार गोलकीपिंग कर सुर्खियों में आईं किरण पिस्दा आज भारतीय महिला फुटबॉल की उभरती हुई खिलाड़ी बन चुकी हैं। 24 वर्षीय किरण यूरोप में लीग फुटबॉल खेल चुकी हैं और अब भारतीय टीम में स्थायी जगह बनाने की दिशा में लगातार मेहनत कर रही हैं।
स्कूल और परिवार के सहयोग से शुरू हुआ उनका सफर चुनौतियों से भरा रहा, लेकिन असफलताओं से सीख लेकर उन्होंने फिटनेस, मानसिक मजबूती और खेल कौशल पर काम किया। कोच योगेश कुमार जांगड़ा के मार्गदर्शन में उन्होंने खुद को बेहतर बनाया और घरेलू लीग से अंतरराष्ट्रीय मंच तक पहुंच बनाई।

किरण स्ट्राइकर, मिडफील्डर और फुल-बैक जैसी कई पोज़िशन पर खेल चुकी हैं और क्रोएशियन लीग में भी भारत का प्रतिनिधित्व कर चुकी हैं। उनका कहना है कि बड़े टूर्नामेंट में चयन न होना दुख देता है, लेकिन यही उन्हें और मेहनत करने की प्रेरणा देता है।
जनजातीय पृष्ठभूमि से आने वाली किरण का मानना है कि खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स जैसे मंच दूर-दराज के खिलाड़ियों को अवसर और आत्मविश्वास देते हैं। उनका लक्ष्य भारतीय टीम के लिए नियमित खेलना और बड़े अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट में देश का प्रतिनिधित्व करना है।





