पेशावर में तड़के हमला: आर्मी हेडक्वार्टर्स पर फायरिंग, तीन की मौत

पाकिस्तान के पेशावर में सोमवार सुबह उस वक्त हड़कंप मच गया, जब अर्धसैनिक बल फ्रंटियर कांस्टेबुलरी (FC) के मुख्यालय पर हथियारबंद हमलावरों ने धावा बोल दिया। सुबह के समय हुए इस हमले में सुरक्षा बलों को तत्काल मोर्चा संभालना पड़ा। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, परिसर में घुसे दो आत्मघाती हमलावरों ने खुद को उड़ा लिया, जबकि गोलीबारी में कुल तीन लोगों की मौत की पुष्टि की गई है।
हमला बेहद संगठित तरीके से किया गया था। सूत्रों ने बताया कि हमलावर पहले मुख्य गेट पर फायरिंग करते हुए अंदर घुसे और इसके बाद परिसर के एक हिस्से में विस्फोट हुआ। धमाके के बाद सुरक्षा बलों ने तुरंत क्षेत्र को घेर लिया और ऑपरेशन शुरू किया। पूरे परिसर में तलाशी अभियान चलाया गया, क्योंकि आशंका थी कि और भी हमलावर छिपे हो सकते हैं।
फ्रंटियर कांस्टेबुलरी की इमारत पाकिस्तान के लिए सामरिक रूप से महत्वपूर्ण मानी जाती है, क्योंकि यह बॉर्डर प्रबंधन और आंतरिक सुरक्षा से जुड़े कई अभियानों में शामिल रहती है। ऐसे में इस मुख्यालय पर हुआ हमला सुरक्षा एजेंसियों के लिए बड़ी चुनौती के रूप में देखा जा रहा है। सूत्रों के मुताबिक, हमलावरों का लक्ष्य अधिक से अधिक नुकसान पहुंचाना था, लेकिन समय रहते सुरक्षा बलों ने पूरी इमारत को घेरकर स्थिति को नियंत्रण में कर लिया।
हमले के बाद इलाके में दहशत कायम है। आसपास के क्षेत्रों में सुरक्षा बढ़ा दी गई है और सभी प्रवेश द्वारों को बंद कर दिया गया है। फिलहाल किसी संगठन ने इस हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है, लेकिन सुरक्षा एजेंसियां इसे हालिया आतंकी गतिविधियों से जोड़कर देख रही हैं।
पाकिस्तान में पिछले कुछ महीनों से सुरक्षा हालात लगातार बिगड़ते जा रहे हैं। खासकर खैबर पख्तूनख्वा क्षेत्र में सुरक्षा बलों पर हमलों की संख्या बढ़ी है। पेशावर जैसे संवेदनशील शहर में इस तरह का हमला सुरक्षा तैयारियों पर भी सवाल उठाता है। फिलहाल जांच एजेंसियां घटनास्थल से मिले सबूतों के आधार पर हमलावरों की पहचान और उनके नेटवर्क का पता लगाने में जुटी हैं।
हमले के बाद सरकार की ओर से हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है और पूरे क्षेत्र में अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात कर दिए गए हैं।





