भारत-EU के बीच आज होगी ‘मदर ऑफ ऑल डील्स’: लग्जरी कार से लेकर शराब तक सस्ती, ट्रेड को मिलेगी रफ्तार

दिल्ली। भारत और यूरोपियन यूनियन (EU) के बीच आज एक ऐतिहासिक मुक्त व्यापार समझौते (FTA) पर हस्ताक्षर होने की संभावना है, जिसे ‘मदर ऑफ ऑल डील्स’ कहा जा रहा है। वर्ष 2007 से चल रही लंबी बातचीत के बाद करीब 18 साल में यह समझौता साकार होता दिख रहा है। वाणिज्य सचिव राजेश अग्रवाल के अनुसार, इस अहम डील पर सहमति बन चुकी है और आज इसका औपचारिक ऐलान किया जा सकता है।
इस FTA के लागू होने से भारत में यूरोपियन यूनियन से आने वाले कई उत्पाद सस्ते हो जाएंगे। खासतौर पर मर्सिडीज, BMW और पॉर्श जैसी लग्जरी कारों की कीमतों में कमी आने की उम्मीद है। 15,000 यूरो (करीब 16.3 लाख रुपये) से अधिक कीमत वाली कारों पर अब सिर्फ 40 प्रतिशत टैरिफ लगेगा, जिससे ये कारें आम खरीदारों के लिए अपेक्षाकृत सुलभ होंगी। इसके अलावा विमान, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण, केमिकल्स, अत्याधुनिक चिकित्सा उपकरण और मेटल स्क्रैप भी सस्ते हो सकते हैं। भारतीय बाजार में यूरोप से आयात होने वाली शराब की कीमतों में भी गिरावट आने की संभावना है।
आर्थिक आंकड़ों पर नजर डालें तो यूरोपियन यूनियन की GDP लगभग 20 ट्रिलियन डॉलर है, जबकि भारत की GDP करीब 4.18 ट्रिलियन डॉलर है। EU की आबादी लगभग 45 करोड़ है, वहीं भारत की जनसंख्या 140 करोड़ से अधिक है। निर्यात और आयात के लिहाज से भी दोनों अर्थव्यवस्थाएं एक-दूसरे की मजबूत साझेदार हैं।
इस समझौते का फायदा सिर्फ वस्तुओं तक सीमित नहीं रहेगा। आईटी, इंजीनियरिंग, टेलीकॉम और बिजनेस जैसे सर्विस सेक्टर में भारतीय प्रोफेशनल्स के लिए यूरोप में नए अवसर खुलेंगे। एमके ग्लोबल की रिसर्च रिपोर्ट के मुताबिक, FTA लागू होने के बाद 2031 तक भारत-EU के बीच व्यापार 51 अरब डॉलर से अधिक पहुंच सकता है। इससे भारत के निर्यात में उल्लेखनीय बढ़ोतरी और अर्थव्यवस्था को नई गति मिलने की उम्मीद है।





