आर्मी चीफ उपेंद्र द्विवेदी बोले- ‘डोनाल्ड ट्रंप भी नहीं जानते वे कल क्या करेंगे’, साइबर और स्पेस वारफेयर पर दिया बड़ा बयान

मध्य प्रदेश के रीवा में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने भविष्य की सुरक्षा चुनौतियों पर बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि आज का दौर तेजी से बदलता जा रहा है, जहां अनिश्चितता इतनी अधिक है कि “डोनाल्ड ट्रंप भी नहीं जानते कि वे कल क्या करेंगे।” उनके इस बयान ने कार्यक्रम में मौजूद लोगों को चौंका दिया, लेकिन इसके पीछे उनका संकेत वैश्विक अस्थिरता और अप्रत्याशित परिस्थितियों की ओर था।
भविष्य की सुरक्षा को लेकर जताई चिंता
जनरल द्विवेदी ने कहा कि आने वाले समय में युद्ध की प्रकृति पूरी तरह बदल जाएगी। साइबर वारफेयर, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और स्पेस टेक्नोलॉजी जैसे क्षेत्र अब भविष्य के युद्ध का अहम हिस्सा बन रहे हैं। उन्होंने कहा कि भारत को इन नई चुनौतियों के लिए तैयार रहना होगा और तकनीकी रूप से आत्मनिर्भर बनना ही सबसे बड़ी जरूरत है।
साइबर और स्पेस वारफेयर पर दिया जोर
सेना प्रमुख ने कहा कि आज लड़ाई केवल जमीन, हवा और पानी तक सीमित नहीं रही, बल्कि अब युद्ध का बड़ा मोर्चा साइबर स्पेस और अंतरिक्ष में भी खुल चुका है। उन्होंने बताया कि भारतीय सेना इस दिशा में कई नई रणनीतियों पर काम कर रही है। साइबर सुरक्षा को मजबूत करने के लिए विशेषज्ञों की विशेष टीम बनाई गई है जो किसी भी बाहरी खतरे से निपटने में सक्षम है।
युवाओं को दी प्रेरणा
जनरल द्विवेदी ने भारतीय युवाओं से देश की सुरक्षा और विकास में योगदान देने की अपील की। उन्होंने कहा कि नई पीढ़ी को तकनीकी कौशल के साथ-साथ नैतिक मूल्यों को भी अपनाना चाहिए। उनके अनुसार, “आने वाले समय में जो देश तकनीकी रूप से सक्षम होगा, वही अपनी सीमाओं और संप्रभुता की रक्षा कर पाएगा।”
वैश्विक परिदृश्य पर टिप्पणी
आर्मी चीफ ने यह भी कहा कि दुनिया में राजनीतिक और सामरिक समीकरण तेजी से बदल रहे हैं। किसी भी देश का भविष्य अब केवल सैन्य ताकत पर नहीं, बल्कि साइबर और सूचना नियंत्रण क्षमता पर भी निर्भर करता है।
जनरल उपेंद्र द्विवेदी का यह बयान स्पष्ट संकेत देता है कि भारतीय सेना अब पारंपरिक युद्ध की सीमाओं से आगे बढ़कर भविष्य की नई तकनीकी जंग की तैयारी कर रही है।





