शरद पूर्णिमा पर मानकेश्वरी देवी मंदिर में 40 बकरों की बलि, बैगा ने पिया बकरों का खून

रायगढ़। शरद पूर्णिमा के दिन रायगढ़ जिले के करमगढ़ स्थित प्रसिद्ध मानकेश्वरी देवी मंदिर में परंपरागत बलि पूजा का आयोजन किया गया। इस दौरान बैगा ने देवी की पूजा के बाद बकरों की बलि दी और उनका खून पिया। बताया जाता है कि यह परंपरा करीब 500 साल पुरानी है।
गांववालों के अनुसार, इस दिन बैगा के शरीर में देवी का आगमन होता है, जिसके बाद वह बलि दिए गए बकरों का खून पीता है। श्रद्धालुओं का मानना है कि देवी की शक्ति से बैगा को कभी कोई नुकसान नहीं होता।
इस पूजा में सैकड़ों की संख्या में श्रद्धालु पहुंचे और माता मानकेश्वरी से अपनी मनोकामनाओं की पूर्ति की प्रार्थना की। जिनकी इच्छाएं पूरी होती हैं, वे यहां बकरा और नारियल चढ़ाते हैं।
ग्रामीणों ने बताया कि पहले 150 से 200 बकरों की बलि दी जाती थी, लेकिन कोरोना काल के बाद यह संख्या घटकर लगभग 40 रह गई है। पूजा के बाद भक्तों को प्रसाद वितरण किया गया।





