वाराणसी में STF एनकाउंटर में ढेर हुआ शंकर कनौजिया, 1 लाख का इनामी बदमाश

वाराणसी। उत्तर प्रदेश एसटीएफ को बड़ी सफलता मिली है। आज़मगढ़ जिले के जहानागंज थाना क्षेत्र में कुख्यात अपराधी शंकर कनौजिया पुलिस मुठभेड़ में मारा गया। उस पर लूट और हत्या के कई संगीन मुकदमे दर्ज थे और उसकी गिरफ्तारी पर पुलिस ने एक लाख रुपये का इनाम घोषित किया था।
23 अगस्त को एसटीएफ को सूचना मिली थी कि शंकर अपने गिरोह के साथ किसी बड़ी वारदात की योजना बना रहा है। इंस्पेक्टर पुनीत सिंह परिहार के नेतृत्व में टीम ने इलाके की घेराबंदी की। तभी शंकर ने पुलिस पर ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की, जिसमें शंकर गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
पुलिस ने मौके से 9 एमएम की कारबाइन, पिस्टल, खुखरी और भारी मात्रा में जिंदा व खाली कारतूस बरामद किए। शंकर 2011 से फरार था। उसी साल उसने दोहरीघाट क्षेत्र में लूट के दौरान विंध्याचल पांडे की गला काटकर हत्या कर दी थी। इसके बाद से वह लगातार अपराधों को अंजाम देता रहा। जुलाई 2024 में महाराजगंज निवासी शैलेंद्र सिंह का अपहरण कर लोडर गाड़ी लूटने और उनकी हत्या का भी आरोपी था। उस घटना में उसने शैलेंद्र का सिर धड़ से अलग कर दिया था।
शंकर की आपराधिक कुंडली बेहद खौफनाक रही है। पुलिस का कहना है कि वह कई जिलों में वारदातों को अंजाम देकर फरार हो जाता था। उसकी बेरहमी और क्रूरता के चलते लोग उसका नाम सुनकर खौफ खाते थे। पुलिस ने बताया कि शंकर के खिलाफ हत्या, लूट, अपहरण और रंगदारी जैसे दर्जनों मुकदमे दर्ज थे।
एसटीएफ अब शंकर के गिरोह से जुड़े बाकी अपराधियों की तलाश में जुटी है। अधिकारियों का कहना है कि एनकाउंटर के बाद गिरोह काफी हद तक कमजोर हो गया है। पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया कि आगे की कानूनी कार्रवाई नियमों के अनुसार की जा रही है।





