बीजेपी विधायक चिंतामणि मालवीय को नोटिस, पार्टी ने मांगा जवाब

भोपाल, 24 मार्च 2025 – मध्य प्रदेश में बीजेपी विधायक चिंतामणि मालवीय को पार्टी की अनुशासनहीनता के चलते कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। पार्टी ने उनसे सात दिनों के भीतर जवाब मांगा है।
किसानों की जमीन के स्थायी अधिग्रहण का मुद्दा
चिंतामणि मालवीय ने हाल ही में विधानसभा में उज्जैन सिंहस्थ 2028 को लेकर किसानों की जमीन अधिग्रहण का मुद्दा उठाया था। उन्होंने आरोप लगाया कि उज्जैन के किसान डरे हुए हैं और सरकार उनकी जमीन का स्थायी अधिग्रहण कर रही है। पहले किसानों की जमीन कुछ महीनों के लिए अधिग्रहित की जाती थी, लेकिन अब इसे स्थायी रूप से लेने की योजना बनाई जा रही है।
भू-माफियाओं की साजिश का आरोप
बीजेपी विधायक ने कहा कि इस अधिग्रहण के पीछे भू-माफियाओं की साजिश है, जिससे किसानों को उनकी ही जमीन से बेदखल किया जा रहा है। उन्होंने सवाल उठाया कि सिंहस्थ मेले के लिए क्या किसानों की जमीन हमेशा के लिए दे दी जानी चाहिए? उन्होंने चेतावनी दी कि यह फैसला किसानों के हित में नहीं है और इससे क्षेत्र के किसानों में डर पैदा हो गया है।
स्पिरिचुअल सिटी पर उठाए सवाल
मालवीय ने उज्जैन में ‘स्पिरिचुअल सिटी’ बनाए जाने के विचार पर भी सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि केवल कंक्रीट की इमारतें बनाकर आध्यात्मिक नगरी नहीं बनाई जा सकती। आध्यात्मिकता त्याग और तपस्या से आती है, न कि बड़े निर्माण कार्यों से।
बीजेपी संगठन की नाराजगी
चिंतामणि मालवीय के इन बयानों से पार्टी नाराज है और इसे अनुशासनहीनता माना जा रहा है। पार्टी ने उन्हें नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण देने को कहा है। नोटिस में यह भी उल्लेख किया गया है कि उनके बयान पार्टी और सरकार की छवि को नुकसान पहुंचा सकते हैं। अब देखना होगा कि विधायक इस पर क्या प्रतिक्रिया देते हैं।





