युवक की प्रेम कहानी, मम्मी-पापा मुझे माफ कर देना, लगा ली फांसी।

महेंद्रगढ़। महेंद्रगढ़ के गांव भगड़ाना निवासी एक निजी कॉलेज के एमएससी फर्स्ट ईयर के छात्र का शव गांव सिगड़ा के खेतों में संदिग्ध परिस्थितियों में पेड़ मे लटका मिला। युवक सोमवार 10 फरवरी से लापता था। मृतक के पिता ने सिटी पुलिस थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज करवाई थी। पुलिस को मृतक की जेब से दो पेज का सुसाइड नोट मिला है, जिसमें उसने लिखा है कि मम्मी-पापा हो सके तो उसे माफ कर देना। वह एक अच्छा बेटा नहीं बन पाया। ना वो गलत था और ना ही वो लड़की। मृतक के पिता ने एक छात्रा के परिजनों पर मरने के लिए मजबूर करने का आरोप लगाया है। पुलिस ने मृतक का नागरिक अस्पताल में पोस्टमार्टम करवाकर शव परिजनों को सौंप दिया।
आपको बता दें कि गांव भगडाना निवासी राजेश ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उसने एक शिकायत महेंद्रगढ़ थाने में बेटे के लापता होने के बारे में दी हुई थी। 11 फरवरी को उसका लड़का गौरव गांव सिगड़ा के खेतों में फांसी पर लटका हुआ मिला। उसका लड़का साधारण तरीके से रहता था। किसी भी प्रकार का दोष नहीं था। उसका लड़का महेंद्रगढ़ क्षेत्र के एक गांव निवासी और उसके कॉलेज में साथ पढ़ने वाली एक लड़की से बातचीत करता था। इसको लेकर लड़की के पिता व उसके परिजनों से हमारी बातचीत हुई थी। इस दौरान लड़की के पिता व उसके परिजनों ने जान से मारने की धमकी दी थी। उन्होंने आरोप लगाया कि लड़की वालों ने ही उसके बेटे को मारकर पेड़ पर लटकाया है या फिर मरने के लिए मजबूर करने का आरोप लगाया है। पुलिस ने मृतक का नागरिक अस्पताल में पोस्टमार्टम करवाकर शव परिजनों को सौंप दिया।
सुसाइड नोट
छात्र ने सुसाइड नोट में लिखा है कि मम्मी–पापा हो सके तो उसे माफ कर देना। वह एक अच्छा बेटा नहीं बन पाया। वह हमेशा यही सोचता था कि उसके अभिभावक हमेशा खुश रहे और रिस्पेक्ट के साथ रहें, लेकिन उसकी वजह से उसके पैरेंटस को नीचा देखना पड़ा, वह भी कुछ गलत लोगों की वजह से। गलत नहीं था यार, पर हालातों ने गलत बना दिया। लोगों ने झूठ बोलकर उसे बदनाम कर दिया। उसके इस कदम उठाने के पीछे भी वही लोग हैं। वह जीते-जी मर रहा है। उसके अंदर की सारी खुशियां गायब हो गईं। उसे इस लाइफ से घुटन हो रही थी। प्यार और जुड़ाव कोई मजाक नहीं है। अगर वो इंसान दूर हो जाए तो इंसान को जिंदा लाश बना देता है। आखिर वह यही चाहता है कि उसका परिवार और वह लड़की हमेशा खुश रहे और जिसकी वजह से सब हो रहा है। वह आशा करता है कि उनको अपनी गलती का अहसास होगा क्योंकि ना वह गलत है और ना वो लड़की। हमने बिना गलती भी सब सहन किया है।





