सूरजपुर में कलेक्टर की सख्ती, अधिकारियों को लगाई फटकार: स्वास्थ्य, शिक्षा और सफाई व्यवस्था सुधारने के दिए निर्देश

सूरजपुर में कलेक्टर रेना जमील ने जिले के विभिन्न क्षेत्रों का निरीक्षण कर स्वास्थ्य, शिक्षा और नगर व्यवस्था को लेकर अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान कई जगहों पर अव्यवस्था और गंदगी मिलने पर उन्होंने नाराजगी जताई और तत्काल सुधार के आदेश दिए।
बस स्टैंड और बाजार व्यवस्था पर नाराजगी
कलेक्टर ने अटल परिसर स्थित न्यू बस स्टैंड कॉम्प्लेक्स का निरीक्षण किया। यहां क्षतिग्रस्त भवन, खराब दुकानों और अव्यवस्थित व्यवस्था को देखकर संबंधित अधिकारियों को फटकार लगाई गई। इसके अलावा ओल्ड बस स्टैंड चौपाटी, मीट मार्केट और सब्जी बाजार का भी जायजा लिया गया, जहां गंदगी और खराब व्यवस्थाओं पर नाराजगी जताते हुए नियमित सफाई और बेहतर प्रबंधन के निर्देश दिए गए।
उन्होंने तालाबों की सफाई और सौंदर्यीकरण पर भी जोर दिया। मीट मार्केट को दूसरी जगह शिफ्ट करने की योजना पर चर्चा करते हुए गंदगी फैलाने वालों पर सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
स्वास्थ्य सेवाओं और अस्पतालों की समीक्षा
कलेक्टर ने अग्रसेन चौक स्थित आयुर्वेदिक अस्पताल, स्पेशलाइज्ड थैरेपी सेंटर और जिला अस्पताल का निरीक्षण किया। इस दौरान ओपीडी, हमर लैब, आईसीयू, ऑपरेशन थिएटर, सीटी स्कैन और मातृत्व-शिशु अस्पताल की व्यवस्थाओं की समीक्षा की गई।
आयुष वाटिका में गंदगी मिलने पर नगरपालिका सीएमओ को तत्काल सफाई व्यवस्था सुधारने और अस्पताल भवन की मरम्मत कराने के निर्देश दिए गए। प्रसूति वार्ड में भर्ती सिकल सेल पीड़ित गर्भवती महिला से मुलाकात कर बेहतर इलाज सुनिश्चित करने को कहा गया। साथ ही पोषण पुनर्वास केंद्र और एसएनसीयू में बच्चों की देखभाल की समीक्षा की गई।
शिक्षा और प्रशासनिक व्यवस्था सुधारने पर जोर
कलेक्टर ने अरुणोदय कोचिंग क्लास पहुंचकर छात्रों से चर्चा की और शिक्षकों को नियमित टेस्ट लेने के निर्देश दिए। छात्रों की मांग पर वाई-फाई और किताबों की व्यवस्था करने के आदेश भी दिए गए।
इसके अलावा केतका रोड स्थित राजस्व और पुलिस क्वार्टर्स का निरीक्षण कर जर्जर भवनों को हटाने के निर्देश दिए गए। निर्माणाधीन पॉलीटेक्निक भवन में देरी पर पीडब्ल्यूडी अधिकारियों को फटकार लगाते हुए काम में तेजी लाने को कहा गया।
दौरे के अंत में कलेक्टर ने डॉक्टरों की उपस्थिति और रेडक्रॉस गतिविधियों की समीक्षा करते हुए स्पष्ट कहा कि अस्पतालों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।





