जेल प्रहरी सस्पेंड: बिलासपुर केंद्रीय जेल में बंदी की हत्या, जांच के लिए जुटी एफएसएल टीम
सुरक्षा में चूक पर जेल प्रहरी सस्पेंड, परिजनों ने की मुआवजे की मांग.

बिलासपुर केंद्रीय जेल में बंदी की हत्या के मामले में जांच तेज हो गई है। (जेल प्रहरी सस्पेंड) जेल की बैरक में मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में एफएसएल टीम ने सीन ऑफ क्राइम कर अहम साक्ष्य जुटाए हैं। वहीं घटना के बाद सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। लापरवाही के आरोप में एक जेल प्रहरी को निलंबित कर दिया गया है। इस सनसनीखेज हत्याकांड ने जेल प्रशासन की कार्यप्रणाली और सुरक्षा इंतजामों को कटघरे में खड़ा कर दिया है.
परिजनों ने की मुआवजे की मांग (जेल प्रहरी सस्पेंड)
23 जून की सुबह बिलासपुर केंद्रीय जेल की ई-1 बैरक में उस समय हड़कंप मच गया, जब बंदी नीलू जगत की बेरहमी से हत्या कर दी गई। बताया जा रहा है कि तिहरे हत्याकांड के मामले में जेल में बंद राजेश राय ने सीमेंट के स्लैब से हमला कर नीलू जगत की जान ले ली। घटना के बाद पूरे जेल परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए सिटी मजिस्ट्रेट अनुप तिग्गा, सीएसपी निमितेश सिंह परिहार, सिविल लाइन थाना प्रभारी किशोर केंवट और एफएसएल की टीम केंद्रीय जेल पहुंची।
अधिकारियों ने जेल अधीक्षक से घटना की जानकारी लेने के बाद ई-1 बैरक का निरीक्षण किया। एफएसएल टीम ने घटनास्थल का बारीकी से परीक्षण करते हुए सीन ऑफ क्राइम तैयार किया और महत्वपूर्ण साक्ष्य एकत्रित किए। जांच के दौरान वारदात में इस्तेमाल किए गए सीमेंट स्लैब के टुकड़े, खून से सने मलबे और अन्य सामग्री को जब्त किया गया। वहीं बैरक और वार्ड में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली गई, अधिकारियों के मुताबिक फुटेज में पूरी घटना कैद हुई है, जो जांच में अहम सबूत साबित होगी….
इधर मृतक नीलू जगत के पिता नारायण सिंह जगत ने बेटे की हत्या पर गहरा दुख जताते हुए दोषी को कड़ी सजा देने की मांग की है। उन्होंने सरकार से मृतक की पत्नी को सरकारी नौकरी और परिवार को उचित मुआवजा देने की मांग भी की है, ताकि उसके दो छोटे बच्चों का भविष्य सुरक्षित हो सके…
इस घटना ने जेल की सुरक्षा व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। बताया जा रहा है कि जिस बैरक में 200 से अधिक बंदी और मानसिक रोगी कैदी मौजूद थे, वहां केवल एक प्रहरी की ड्यूटी लगाई गई थी। घटना के बाद जेल प्रहरी धरम कोठारी को निलंबित कर दिया गया है। वहीं जानकारों का कहना है कि बिलासपुर केंद्रीय जेल के इतिहास में पहली बार किसी बंदी ने जेल के भीतर दूसरे बंदी की हत्या की है, जिससे पूरे जेल प्रशासन में हड़कंप मचा हुआ है.





