Water Vision Conference; छत्तीसगढ़ के जल संरक्षण मॉडल के देश भर के मंत्रियों ने जाना, सम्मेलन में मंत्री कश्यप ने दी जानकारी

रायपुर। भारत सरकार के ‘जल विजन 2047’ के तहत राज्यों के जल मंत्रियों का द्वितीय राष्ट्रीय सम्मेलन उदयपुर में हुआ। इस सम्मेलन में जल संरक्षण, जल प्रबंधन और भविष्य की जल नीति पर चर्चा की गई। छत्तीसगढ़ से उप मुख्यमंत्री अरुण साव और जल संसाधन मंत्री केदार कश्यप भी सम्मेलन में शामिल हुए।
उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने छत्तीसगढ़ में जल संरक्षण के प्रयासों के बारे में बताया। वहीं, जल संसाधन मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि जनभागीदारी से जल संचय में छत्तीसगढ़ देश में अव्वल है। राज्य में दो लाख से अधिक जल संरचनाएं बनाई गई हैं। छत्तीसगढ़ में जल प्रबंधन के लिए जल नीति 2022 लागू की गई है, और भूजल अधिनियम 2022 भी लागू किया गया है।
मंत्री केदार कश्यप ने यह भी बताया कि राज्य में जल भंडारण को 7900 मिलियन घन मीटर से बढ़ाकर 16,000 मिलियन घन मीटर करने का लक्ष्य है। इसके साथ ही, सिंचाई क्षमता बढ़ाने और औद्योगिक जल उपयोग को भी बढ़ाने की योजना है। उन्होंने कहा कि जल संकट से निपटने के लिए सूक्ष्म सिंचाई, पाइप सिंचाई नेटवर्क और जलग्रहण क्षेत्र विकास पर काम किया जा रहा है। मंत्री कश्यप ने सभी राज्यों से अपील की कि वे जल संसाधनों का सतत और वैज्ञानिक प्रबंधन करें ताकि भविष्य में जल संकट से बचा जा सके।





