SHARE MARKET : JSW स्टील के शेयर्स में गिरावट, शेयर 5.81% टूटकर 970 रुपये पर पहुंचा

नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने भूषण पावर एंड स्टील के अधिग्रहण प्लान को सुप्रीम कोर्ट ने ‘गैरकानूनी’ करार दिया है। इसके बाद शुक्रवार को JSW स्टील के शेयर 5.81% टूटकर 970 रुपये पर पहुंच गया। कोर्ट ने कहा कि अधिग्रहण केवल इक्विटी के जरिए होना चाहिए था, जबकि JSW ने इक्विटी और कन्वर्टिबल डिबेंचर का मिश्रण इस्तेमाल किया। यह फैसला कॉर्पोरेट इनसॉल्वेंसी प्रक्रिया के लिए एक मिसाल बनेगा और भविष्य में कंपनियों को ज्यादा सतर्क रहना होगा।
JSW स्टील ने 2021 में भूषण पावर में 49% हिस्सेदारी कॉर्पोरेट इनसॉल्वेंसी प्रक्रिया के तहत खरीदी थी, जिसे बाद में 86% तक बढ़ा दिया गया। इससे JSW को ओडिशा में 2.75 मिलियन टन सालाना स्टील उत्पादन की क्षमता मिली। लेकिन कोर्ट ने कहा कि तय समयसीमा में प्लान पूरा नहीं हुआ और अधिग्रहण का तरीका नियमों के खिलाफ था। जिसके बाद अब सुप्रीम कोर्ट ने भूषण पावर की लिक्विडेशन का आदेश दिया है।
भूषण पावर JSW की कुल उत्पादन क्षमता का लगभग 12.5 फीसदी और EBITDA का 10 फीसदी हिस्सा देता है। लिक्विडेशन की स्थिति में JSW को यह क्षमता और मुनाफा गंवाना पड़ सकता है। इससे कंपनी की भविष्य की ग्रोथ प्रभावित हो सकती है। जिससे निवेशकों के लिए चिंता और बढ़ गई है।
बताया जा रहा है कि JSW अब रिव्यू पिटीशन दाखिल कर सकती है, जिसमें केवल इक्विटी के जरिए डील को मंजूरी मांगी जाएगी। विशेषज्ञों का मानना है कि कन्वर्टिबल डिबेचर हटाने से कोर्ट में राहत मिल सकती है। फिलहाल, निवेशकों को शॉर्ट-टर्म में अस्थिरता के लिए तैयार रहना और कंपनी की अन्य परियोजनाओं जैसे ओडिशा प्लांट पर नजर बनाए रखना चाहिए।





