सराफा व्यापारी हत्याकांड का खुलासा, मुख्य शूटर समेत सभी 7 आरोपी गिरफ्तार

छत्तीसगढ़ के गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले में सराफा व्यापारी प्रदीप सोनी की हत्या और लूटकांड मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। मामले में मुख्य शूटर सहित तीन और आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से लूटे गए सोने-चांदी के आभूषण, हथियार, कारतूस, मोबाइल फोन, वाहन और वारदात में इस्तेमाल की गई कार बरामद की है। इसके साथ ही इस मामले में शामिल सभी सात आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है।
लूट का विरोध करने पर व्यापारी को मारी गई गोली
पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपियों ने कोटमीकला के साप्ताहिक हाट बाजार में सराफा व्यापारी प्रदीप सोनी को निशाना बनाया था। बदमाश उनके पास मौजूद सोने-चांदी से भरा बैग लूटना चाहते थे। हालांकि, व्यापारी ने विरोध किया, जिसके बाद मुख्य शूटर मनीष मंडल उर्फ राहुल ने कट्टा निकालकर उन पर गोली चला दी। गोली लगने से गंभीर रूप से घायल प्रदीप सोनी को अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
जांच में पता चला कि इस पूरी साजिश का मास्टरमाइंड बिलासपुर जिले का रहने वाला खुशीराम साहू था। उसने अपने साथियों के साथ व्यापारी की रेकी की और वारदात को अंजाम देने के लिए बिहार और झारखंड से शूटर बुलाए थे।
मास्टरमाइंड ने रची थी पूरी साजिश
पुलिस के अनुसार, खुशीराम साहू ने अपने भतीजे राजाराम साहू और दामाद श्रेयांश शुक्ला की मदद से लूट की योजना बनाई थी। बिहार से मनीष मंडल उर्फ राहुल, सुजीत उर्फ राजू दास और झारखंड से संतोष दास को बुलाकर वारदात को अंजाम दिया गया।
घटना के बाद आरोपी देवरीखुर्द स्थित एक घर में पहुंचे, जहां लूटे गए आभूषणों का आपस में बंटवारा किया गया। जांच के दौरान पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिरों की सूचना के आधार पर पहले मास्टरमाइंड और उसके सहयोगियों को गिरफ्तार किया। इसके बाद बिहार और झारखंड में दबिश देकर मुख्य शूटरों को भी पकड़ लिया गया।
सोना-चांदी, हथियार और वाहन बरामद
गिरफ्तार आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने 40 ग्राम सोना, करीब साढ़े चार किलो चांदी, देसी कट्टा, जिंदा कारतूस, सात मोबाइल फोन, दो मोटरसाइकिल और एक स्विफ्ट कार बरामद की है। जांच में यह भी सामने आया कि आरोपियों ने लूट के बाद सबूत मिटाने के लिए सामान रखने वाले डिब्बों और पैकिंग सामग्री को जला दिया था।
पुलिस ने बताया कि आरोपियों ने लूटे गए कुछ आभूषण रेलवे ट्रैक के पास और कुछ पहाड़ी क्षेत्र में छिपा रखे थे, जिन्हें बरामद कर लिया गया है। मामले में सभी आरोपियों के खिलाफ हत्या, लूट और आपराधिक साजिश समेत विभिन्न धाराओं के तहत कार्रवाई की जा रही है।





