मुख्यमंत्री नौनिहाल छात्रवृत्ति योजना: अब पैसे की कमी नहीं रोकेगी बच्चों की पढ़ाई

बिलासपुर। छत्तीसगढ़ सरकार ने श्रमिक परिवारों के बच्चों की शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए एक बड़ी पहल की है। अब पढ़ाई के बीच में पैसे की कमी नहीं आएगी। सरकार ने मुख्यमंत्री नौनिहाल छात्रवृत्ति योजना शुरू की है, जिससे श्रमिकों के बच्चों को पढ़ाई के लिए हर साल 1,000 रुपये से 10,000 रुपये तक की छात्रवृत्ति दी जाएगी।
यह योजना खास तौर पर छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल और असंगठित कर्मकार राज्य सामाजिक सुरक्षा मंडल के तहत पंजीकृत श्रमिकों के पहले दो बच्चों के लिए है। छात्रवृत्ति कक्षा 1 से लेकर पीएचडी स्तर तक की पढ़ाई करने वाले छात्रों को दी जाएगी।
सहायक श्रमायुक्त ज्योति शर्मा ने जानकारी दी कि पहले यदि बच्चे को किसी अन्य सरकारी योजना से छात्रवृत्ति मिल रही होती थी, तो इस योजना का लाभ नहीं मिलता था। लेकिन अब इस नियम में भी बदलाव किया गया है, जिससे अधिक से अधिक छात्र इसका लाभ ले सकें।
छात्रवृत्ति की राशि सीधे विद्यार्थियों के बैंक खाते में जमा की जाएगी। इसलिए आवेदन करने वाले छात्रों के पास बैंक खाता होना जरूरी है।
इस योजना का उद्देश्य है कि गरीब श्रमिकों के बच्चे भी बिना किसी आर्थिक परेशानी के अपनी पढ़ाई पूरी कर सकें और उज्ज्वल भविष्य की ओर बढ़ सकें।
कैसे उठाएं योजना का लाभ?
श्रमिक का पंजीकरण छत्तीसगढ़ भवन एवं सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल में होना चाहिए।
केवल पहले दो बच्चों को ही छात्रवृत्ति का लाभ मिलेगा।
आवेदन के समय बैंक खाता, आधार कार्ड, अध्ययन प्रमाणपत्र आदि दस्तावेज जरूरी होंगे।
छत्तीसगढ़ सरकार की यह पहल राज्य के गरीब और जरूरतमंद परिवारों के लिए एक बड़ा सहारा साबित हो सकती है।





