गरियाबंद में 8 युवकों ने सरकार से मांगी दुल्हन, सुशासन तिहार में दिए अनोखे आवेदन

गरियाबंद, छत्तीसगढ़।
छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले से एक अनोखी और चर्चा में आने वाली खबर सामने आई है। फिंगेश्वर ब्लॉक में आयोजित सुशासन तिहार के दौरान 8 युवकों ने सरकार से विवाह में मदद की गुहार लगाई है। इन युवाओं ने बाकायदा आवेदन देकर शादी के लिए कन्या की मांग की है, जिससे स्थानीय प्रशासन और लोगों के बीच यह मामला सुर्खियों में आ गया है।

इन आवेदकों में सबसे चर्चित नाम है राजिम नगर पंचायत के ब्रह्मचर्य वार्ड के चंदन साहनी (36 वर्ष) का। चंदन ने आवेदन में लिखा है कि वे लंबे समय से जीवनसाथी की तलाश में हैं और अब थक चुके हैं।
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उन्होंने साफ तौर पर उल्लेख किया कि वे विधवा, तलाकशुदा या अनाथ गरीब घर की कन्या से भी विवाह करने को तैयार हैं। चंदन फिलहाल अकेले रहते हैं और विवाह में आ रही कठिनाइयों के कारण उन्होंने सरकार से मदद की अपील की है।
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इसी तरह फिंगेश्वर की चैत्रा पंचायत के एक अन्य युवक ने भी इसी तरह की मांग रखते हुए आवेदन दिया है।
राजिम के वार्ड नंबर 14, पर्थरा के रहने वाले प्रदीप निर्मलकर ने लिखा:
“मैं गरीब परिवार से हूं। मुझे शादी करने की योजना का लाभ उठाना है। गरीब होने के कारण शादी नहीं कर पा रहा हूं। निवेदन है कि शादी की योजना का लाभ प्रदान करें।”

सिर्फ युवक ही नहीं, अभिभावकों ने भी अपनी बेटियों के विवाह के लिए मदद की गुहार लगाई है।
संतोष साहू नामक व्यक्ति ने अपने आवेदन में लिखा कि उनकी बेटी थनेश्वरी साहू विवाह योग्य है, लेकिन आर्थिक स्थिति ठीक न होने की वजह से वे शादी नहीं कर पा रहे। उन्होंने कन्या विवाह योजना के तहत सहायता की मांग की है।

एक अन्य आवेदन में भूषण खुर्रे ने लिखा कि उन्हें सुशील लड़की चाहिए, जबकि जीतेन निर्मलकर ने भी अपनी बेटी की शादी के लिए आर्थिक सहायता की मांग की है।

प्रशासन की प्रतिक्रिया
इस पूरे मामले पर महिला एवं बाल विकास विभाग सहित प्रशासन ने संज्ञान लिया है। विभाग के अधिकारियों ने बताया कि आवेदकों को उनकी पात्रता के अनुसार विभिन्न सरकारी योजनाओं से जोड़ने की प्रक्रिया की जाएगी और उन्हें समय आने पर सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।

सामाजिक चिंता भी
यह मामला सिर्फ एक प्रशासनिक विषय नहीं बल्कि गंभीर सामाजिक और आर्थिक चिंताओं को भी उजागर करता है। बेरोजगारी, गरीबी और सामाजिक असमानता ने अब व्यक्तिगत रिश्तों को भी प्रभावित करना शुरू कर दिया है।

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