गुरमीत राम रहीम जेल से 13वीं बार बाहर आया: 21 दिन की फरलो मिली, हनीप्रीत लेने पहुंची

रोहतक। हरियाणा के रोहतक की सुनारिया जेल में रेप और हत्या के मामलों में 20 साल की सजा काट रहे डेरा सच्चा सौदा प्रमुख गुरमीत राम रहीम को एक बार फिर जेल से बाहर आने की अनुमति मिली है। उसे 21 दिन की फरलो दी गई है, और इस दौरान वह सिरसा स्थित डेरे में रहेगा।
बुधवार सुबह करीब साढ़े 6 बजे राम रहीम को कड़ी सुरक्षा के बीच जेल से सिरसा भेजा गया। उसकी मुख्य शिष्या हनीप्रीत उसे लेने रोहतक जेल पहुंची थी। सिरसा पहुंचने के बाद राम रहीम ने वीडियो जारी कर कहा, “फिर से श्रद्धालुओं की सेवा में हाजिर हूं। सभी अपने-अपने घरों में रहें और डेरे के जिम्मेदार लोग जो कहें, वही करें।”
राम रहीम को डेरा सच्चा सौदा के स्थापना दिवस के 77वें समारोह में शामिल होने के लिए फरलो दी गई है। यह समारोह 29 अप्रैल 1948 को संत शाह मस्ताना द्वारा शुरू किया गया था। राम रहीम पहले भी पैरोल और फरलो पर जेल से बाहर आ चुका है। इस बार यह 13वां मौका है, जब उसे जेल से बाहर जाने की अनुमति मिली है। अब तक राम रहीम ने कुल 325 दिन पैरोल और फरलो पर बाहर बिताए हैं।
डेरा प्रवक्ता ने जारी किया बयान
डेरा प्रवक्ता एडवोकेट जितेंद्र खुराना ने कहा कि राम रहीम को यह फरलो कानूनी दायरे में दी गई है। यह राज्य सरकार द्वारा अधिकृत है और पहले की तरह सभी पैरोल और फरलो भी कानून के अनुसार ही मिली हैं।
साध्वियों से यौन शोषण के आरोप में मिली है सजा
गुरमीत राम रहीम को 2017 में 2 साध्वियों के यौन शोषण मामले में 20 साल की सजा हुई थी। इसके बाद 2019 में पत्रकार रामचंद्र छत्रपति हत्याकांड में उम्रभर की सजा मिली थी। डेरा मैनेजर रणजीत सिंह की हत्या के मामले में भी उसे 2021 में उम्रकैद की सजा सुनाई गई थी। हालांकि, 3 साल बाद हाईकोर्ट ने उसे इस मामले में बरी कर दिया।




