छत्तीसगढ़ बना देश का टॉप बिजली उत्पादक राज्य, लोकसभा में बृजमोहन अग्रवाल ने दी जानकारी

रायपुर। छत्तीसगढ़ ने एक बार फिर साबित किया है कि वह देश की ऊर्जा ज़रूरतों को पूरा करने में अहम भूमिका निभा रहा है। रायपुर से सांसद और वरिष्ठ भाजपा नेता बृजमोहन अग्रवाल ने लोकसभा में बताया कि वित्तीय वर्ष 2024-25 में छत्तीसगढ़ ने 1.7 लाख मिलियन यूनिट (MU) से ज्यादा बिजली का उत्पादन किया है। यह देश की कुल बिजली ज़रूरतों का करीब 10% (16.93 लाख MU) है। इस शानदार प्रदर्शन के साथ छत्तीसगढ़ देश के शीर्ष चार विद्युत उत्पादक राज्यों में शामिल हो गया है।
लोकसभा में बृजमोहन अग्रवाल ने देश की बिजली जरूरत, उत्पादन, परमाणु ऊर्जा की स्थिति और परमाणु रिएक्टरों की जानकारी मांगी थी। इसके जवाब में केंद्रीय ऊर्जा एवं नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा राज्य मंत्री श्रीपाद नाईक ने बताया कि भारत में इस समय 8,780 मेगावाट की परमाणु ऊर्जा उत्पादन क्षमता है (जिसमें से राजस्थान की 100 मेगावाट क्षमता अस्थायी रूप से बंद है)।
उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार का लक्ष्य है कि वर्ष 2047 तक 100 गीगावाट परमाणु ऊर्जा उत्पादन की क्षमता हासिल की जाए। इसके लिए सरकार परमाणु ऊर्जा अधिनियम और नागरिक दायित्व अधिनियम में जरूरी बदलाव कर रही है। साथ ही, छोटे मॉड्यूल रिएक्टर (SMR) और नई तकनीकों पर रिसर्च को बढ़ावा दिया जा रहा है।
मंत्री ने यह भी बताया कि साल 2024-25 के दौरान देश में ऊर्जा की कमी लगभग शून्य रही है, जिससे यह साबित होता है कि देश की बिजली आपूर्ति मजबूत है।
बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि परमाणु ऊर्जा न केवल साफ-सुथरी और लगातार मिलने वाली ऊर्जा है, बल्कि यह पर्यावरण के लिए भी सुरक्षित है। यह भारत की दीर्घकालिक ऊर्जा नीति का बड़ा हिस्सा बनने जा रही है। उन्होंने केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का धन्यवाद देते हुए कहा कि देश आत्मनिर्भर ऊर्जा उत्पादन की दिशा में तेज़ी से बढ़ रहा है, और इसमें छत्तीसगढ़ की भूमिका गर्व की बात है।
उन्होंने भरोसा दिलाया कि वे छत्तीसगढ़ को ऊर्जा हब बनाने और केंद्र से अधिक सहयोग दिलाने के लिए लगातार प्रयास करते रहेंगे।





