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छत्तीसगढ़ में बारिश और कोहरे का असर, अंबिकापुर सबसे ठंडा, बच्चों में बढ़ा हाइपोथर्मिया का खतरा

छत्तीसगढ़ में मौसम का मिजाज लगातार बदल रहा है। पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से राज्य के कई इलाकों में कोहरा छाया हुआ है, जबकि कुछ जिलों में हल्की बारिश की संभावना बनी हुई है। राजधानी रायपुर समेत आसपास के क्षेत्रों में सुबह से घना कोहरा देखा गया, जिससे जनजीवन प्रभावित हुआ।

मौसम विभाग के अनुसार सरगुजा संभाग के कुछ जिलों में गरज-चमक के साथ हल्की बारिश हो सकती है। उत्तर छत्तीसगढ़ में अगले तीन दिनों तक न्यूनतम तापमान में एक से तीन डिग्री तक गिरावट आने की संभावना है। वहीं रायपुर, बिलासपुर, दुर्ग और बस्तर संभाग में तापमान में ज्यादा बदलाव नहीं होने के आसार हैं।

पिछले 24 घंटों में राज्य में सबसे अधिक तापमान राजनांदगांव में 31.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि सबसे कम न्यूनतम तापमान अंबिकापुर में 11 डिग्री सेल्सियस रहा। रायपुर में दिन का तापमान लगभग 31 डिग्री और रात का तापमान करीब 16 डिग्री रहने की संभावना है।

बलरामपुर, कोरिया और जशपुर जिलों में हल्की बारिश हो सकती है। बादल छाए रहने और ठंडी हवाओं के कारण ठंड का असर बना हुआ है। सरगुजा और मैनपाट क्षेत्र में सुबह के समय घना कोहरा देखने को मिल रहा है, जिससे वाहनों को लाइट जलाकर चलना पड़ रहा है।

मौसम में बदलाव के पीछे ऊपरी हवाओं में सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ और तेज गति से चल रही जेट स्ट्रीम को कारण माना जा रहा है। विशेषज्ञों के अनुसार 30 जनवरी की रात से एक और नया सिस्टम सक्रिय हो सकता है, जिससे ठंड और बढ़ सकती है।

ठंड का सबसे ज्यादा असर बच्चों की सेहत पर देखा जा रहा है। पिछले एक महीने में अस्पतालों में हाइपोथर्मिया के सैकड़ों मामले सामने आए हैं। डॉक्टरों के मुताबिक नवजात और छोटे बच्चों का शरीर जल्दी ठंडा हो जाता है, जिससे उन्हें अधिक खतरा रहता है। समय पर इलाज न मिलने पर यह स्थिति जानलेवा भी हो सकती है।

हाइपोथर्मिया शरीर का तापमान सामान्य स्तर से नीचे चले जाने की स्थिति है, जिसमें शरीर के महत्वपूर्ण अंगों की कार्यक्षमता प्रभावित होने लगती है। ठंडी हवा, नमी और ठंडे पानी के संपर्क में आने से इसका खतरा तेजी से बढ़ता है।

शीतलहर के बढ़ते प्रभाव को देखते हुए नगर निगम द्वारा शहर में कई जगह अलाव जलाए जा रहे हैं। बेघर और जरूरतमंद लोगों को राहत देने के लिए रातभर अलाव की व्यवस्था की जा रही है। अधिकारियों को इसकी निगरानी के निर्देश दिए गए हैं।

स्वास्थ्य विभाग ने भी लोगों के लिए एडवाइजरी जारी की है। विभाग ने अपील की है कि ठंड के मौसम में अनावश्यक यात्रा से बचें, गर्म कपड़े पहनें और बच्चों व बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखें।

विशेषज्ञों ने सर्दियों में इम्यूनिटी बढ़ाने के लिए विटामिन सी युक्त आहार लेने, संतरा, नींबू, आंवला खाने और अदरक-तुलसी की चाय या काढ़ा पीने की सलाह दी है। इससे सर्दी-जुकाम और वायरल संक्रमण से बचाव में मदद मिल सकती है।

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