बिलासपुर रेल हादसा: सिग्नल की अनदेखी या तकनीकी खराबी? 12 की मौत, जांच में जुटा रेलवे विभाग

बिलासपुर। मंगलवार शाम गतौरा रेलवे लाइन के पास एक बड़ा रेल हादसा हो गया। कोरबा से आ रही मेमू ट्रेन अपने आगे चल रही मालगाड़ी से जा टकराई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि मेमू ट्रेन की पहली कंट्रोल बोगी मालगाड़ी के ऊपर चढ़ गई। यह महिला बोगी थी, जिसमें काफी यात्री सवार थे। हादसे में अब तक 12 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि कई यात्री घायल हैं।

रेलवे विभाग ने मामले की जांच शुरू कर दी है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि लोको पायलट्स ने रेड सिग्नल को पार कर दिया था। यानी ट्रेन को रोकने के संकेत के बावजूद उसे आगे बढ़ा दिया गया। हालांकि अब सवाल उठ रहे हैं कि क्या सिग्नल में कोई तकनीकी खराबी थी, जिससे गलत संकेत मिला?

मेमू ट्रेन के डेटा बॉक्स से जो जानकारी मिली है, उसके मुताबिक टक्कर से पहले ट्रेन की रफ्तार 76 किलोमीटर प्रति घंटा थी। इमरजेंसी ब्रेक लगाने के बाद यह गति घटकर 48 किलोमीटर प्रति घंटा रह गई थी। इसका मतलब है कि लोको पायलट्स ने टक्कर से पहले ब्रेक लगाया था। रेलवे अधिकारियों का कहना है कि अगर समय रहते ब्रेक नहीं लगाया जाता, तो नुकसान और भी ज्यादा हो सकता था।

रेलवे विभाग ने हादसे की पूरी जांच शुरू कर दी है ताकि यह पता लगाया जा सके कि गलती मानव थी या तकनीकी।

Show More
Follow Us on Our Social Media
Back to top button
जम्मू-कश्मीर में बारिश से अपडेट सोनम ने ही राजा को दिया था खाई में धक्का… आरोपियों ने बताई सच्चाई
जम्मू-कश्मीर में बारिश से अपडेट सोनम ने ही राजा को दिया था खाई में धक्का… आरोपियों ने बताई सच्चाई