बिलासपुर में एनएचएम कर्मचारियों की हड़ताल का 22वां दिन, विधायक धरमलाल कौशिक को सौंपा ज्ञापन

बिलासपुर। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) के संविदा कर्मचारियों की हड़ताल सोमवार को 22वें दिन भी जारी रही। जिले के सैकड़ों कर्मचारी कोन्हेर गार्डन, नेहरू चौक में जुटे और अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन किया।
इस दौरान संगठन के पदाधिकारियों ने बिल्हा विधायक एवं पूर्व विधानसभा अध्यक्ष धरमलाल कौशिक से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा। कौशिक ने कर्मचारियों की मांगों पर शासन से बात करने और सकारात्मक पहल का आश्वासन दिया।
हड़ताल के बीच सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों ने छत्तीसगढ़ी लोक नृत्य और सुआ गीत की प्रस्तुति दी, ताकि सरकार का ध्यान उनकी समस्याओं की ओर आकर्षित किया जा सके। मंगलवार को कर्मचारी “जल सत्याग्रह” करने की तैयारी कर रहे हैं।
संगठन के कार्यकारी प्रांताध्यक्ष श्याम मोहन दुबे ने कहा कि पिछले विधानसभा चुनाव में संविदा स्वास्थ्य कर्मचारियों ने भाजपा का समर्थन किया था और कांग्रेस के खिलाफ अभियान चलाया था। उन्होंने साफ कहा कि जब तक नियमितीकरण नहीं होगा, आंदोलन जारी रहेगा।
लगातार हड़ताल की वजह से जिला अस्पताल, CIMS, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र और उप स्वास्थ्य केंद्रों में सेवाएं ठप हैं। ओपीडी, ऑपरेशन, आपातकालीन सेवाएं, टीकाकरण, मलेरिया-टीबी जांच जैसी सभी स्वास्थ्य सुविधाएं प्रभावित हो रही हैं। ग्रामीण क्षेत्रों के आयुष्मान आरोग्य मंदिर भी बंद हैं।
लोगों को इलाज के लिए मजबूरी में निजी अस्पतालों का सहारा लेना पड़ रहा है। बरसात के मौसम में बुखार, उल्टी-दस्त और सर्दी-खांसी के मरीजों की संख्या बढ़ गई है, लेकिन सरकारी स्वास्थ्य सेवाएं ठप होने से आम जनता परेशान है।
हड़ताल में संगठन के पदाधिकारी, महिला विंग की सदस्य और बड़ी संख्या में कर्मचारी शामिल हुए।





