Aadhaar card verification : आधार वेरिफिकेशन हुआ डिजिटल, जानिए इस खास रिपोर्ट में

Aadhaar card verification : अब चेहरा ही पहचान! लॉन्च हुआ Aadhaar FaceRD ऐप, फोटोकॉपी की झंझट खत्म

New Delhi : भारत में आधार कार्ड अब और अधिक डिजिटल और सुरक्षित हो गया है। (Aadhaar card verification) अप्रैल 2025 में आईटी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने ‘Aadhaar FaceRD’ नाम के एक नए ऐप की जानकारी दी थी, जिसे अब Google Play Store पर लॉन्च कर दिया गया है। इस ऐप के जरिए अब नागरिकों को पहचान के लिए आधार कार्ड की फोटो कॉपी देने की जरूरत नहीं पड़ेगी। होटल चेक-इन से लेकर सिम कार्ड खरीदने तक, अब सिर्फ फेस ऑथेंटिकेशन के जरिए आधार वेरिफिकेशन हो सकेगा।

क्या है Aadhaar FaceRD?

Aadhaar FaceRD एक ऐसा मोबाइल ऐप है, जिसे यूनिक आइडेंटिफिकेशन अथॉरिटी ऑफ इंडिया (UIDAI) ने विकसित किया है। यह ऐप Android यूजर्स के लिए Google Play Store पर उपलब्ध है और डेवलपर वर्जन में भी इसे डाउनलोड किया जा सकता है। फिलहाल iOS (iPhone) यूजर्स को थोड़ा इंतजार करना होगा।

इस ऐप का मुख्य उद्देश्य है यूजर की डिजिटल पहचान को फेस स्कैन के ज़रिए सत्यापित करना। यह न सिर्फ पेपरलेस प्रक्रिया को बढ़ावा देता है, बल्कि डेटा प्राइवेसी को भी मजबूत करता है।

कैसे करें इस्तेमाल?

इस ऐप को इस्तेमाल करने के लिए उस स्मार्टफोन में इंस्टॉल करना होगा, जिसमें वही मोबाइल नंबर मौजूद हो जो आधार से लिंक है। इंस्टॉलेशन के बाद यूजर को अपना आधार नंबर डालना होगा और आधार से जुड़े नंबर पर एक OTP आएगा। OTP दर्ज करने के बाद फेस स्कैन करना होगा।

फेस स्कैन के बाद यूजर को 6 अंकों का एक सिक्योर पिन सेट करना होता है। एक बार यह प्रक्रिया पूरी हो गई, तो अगली बार लॉगिन के लिए केवल पिन और फेस स्कैन की जरूरत होगी। ऐप लॉगिन करने पर यूजर को एक QR कोड दिखाई देगा, जिसे स्कैन कर अन्य एजेंसी या व्यक्ति आधार सत्यापन कर सकते हैं।

कैसे करेगा काम? (Aadhaar card verification)

मान लीजिए आप किसी होटल में चेक-इन कर रहे हैं या एयरपोर्ट पर पहचान दिखानी है — वहां मौजूद व्यक्ति Aadhaar FaceRD ऐप के जरिए आपके QR कोड को स्कैन करेगा। फिर ऐप आपसे पूछेगा कि आप कौन-कौन सी जानकारी साझा करना चाहते हैं — जैसे नाम, जन्मतिथि या पता।

सबसे खास बात यह है कि आपकी पूरी जानकारी साझा नहीं होती, बल्कि आपकी अनुमति के अनुसार ही सीमित जानकारी शेयर होती है। यह सुनिश्चित करता है कि आपके व्यक्तिगत डेटा की गोपनीयता बनी रहे।

डेटा सुरक्षा का पूरा ध्यान

UIDAI के अनुसार इस ऐप में डेटा प्राइवेसी और साइबर सिक्योरिटी का पूरा ध्यान रखा गया है। फेस स्कैन के जरिए केवल यह पुष्टि की जाती है कि व्यक्ति असली है और उसका आधार नंबर वैध है। कोई भी व्यक्ति आपकी बिना अनुमति के आपकी जानकारी का गलत इस्तेमाल नहीं कर सकता।

किन परिस्थितियों में यह ऐप उपयोगी है?

-होटल में चेक-इन करते समय
-एयरपोर्ट पर पहचान सत्यापन के लिए
-सिम कार्ड खरीदते वक्त
-किराए पर घर लेने के दौरान
-सरकारी सेवाओं के लिए पहचान पत्र के तौर पर

फोटोकॉपी का झंझट खत्म

इस ऐप के आ जाने से अब हर बार आधार कार्ड की फोटोकॉपी देने की जरूरत खत्म हो गई है। फोटोकॉपी के दुरुपयोग की आशंका भी कम होगी। अब पहचान की पुष्टि फेस स्कैन से होगी और आप तय करेंगे कि क्या शेयर करना है।

इंडिया के विजन की मजबूत कड़ी

Aadhaar FaceRD ऐप डिजिटल इंडिया के विजन की एक और मजबूत कड़ी है। इससे न सिर्फ पहचान सत्यापन की प्रक्रिया आसान होगी, बल्कि लोगों का डेटा भी सुरक्षित रहेगा। यह ऐप भारतीय नागरिकों के लिए डिजिटल पहचान को और अधिक विश्वसनीय और सुविधाजनक बना देगा। (Aadhaar card verification)

Aadhaar card की शुरुआत अब हुई

भारत सरकार ने भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण यानी की यूआईडीएआई का गठन जनवरी 2009 में किया था। यूआईडीएआई के गठन के बाद साल 2010 से आधार कार्ड बनाने की शुरुआत हुई।

Show More
Follow Us on Our Social Media
Back to top button
जम्मू-कश्मीर में बारिश से अपडेट सोनम ने ही राजा को दिया था खाई में धक्का… आरोपियों ने बताई सच्चाई
जम्मू-कश्मीर में बारिश से अपडेट सोनम ने ही राजा को दिया था खाई में धक्का… आरोपियों ने बताई सच्चाई