राज्यपाल रमेन डेका ने पीएम जनमन अभियान की समीक्षा की, अधिकारियों को जमीन पर जाकर काम देखने के निर्देश

रायपुर। राज्यपाल रमेन डेका ने सोमवार को राजभवन में प्रधानमंत्री जनमन आदिवासी महाअभियान की प्रगति की समीक्षा बैठक ली। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि वे सिर्फ फाइलों और रिपोर्ट पर भरोसा न करें, बल्कि खुद गांवों में जाकर योजनाओं का हाल देखें।
राज्यपाल ने कहा कि इस योजना का मकसद विशेष पिछड़ी जनजातियों तक शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क जैसी बुनियादी सुविधाएं समय पर पहुंचाना है। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि काम तय समय पर पूरे हों और इसके लिए सही तरीके से काम करने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधियों के साथ मिलकर योजनाओं को सफल बनाएं।
बैठक में राज्यपाल के सचिव डॉ. सी.आर. प्रसन्ना और कई विभागों के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।
पर्यावरण और पानी पर भी चिंता जताई
राज्यपाल ने कहा कि विकास कार्यों के दौरान पेड़-पौधों का ध्यान रखें और पानी के संकट को गंभीरता से लें। उन्होंने भूजल स्तर और बारिश का सही आकलन कर योजनाएं बनाने और रेन वाटर हार्वेस्टिंग को प्राथमिकता देने की सलाह दी। सौर ऊर्जा के काम में धीमी गति पर नाराजगी जताते हुए कहा कि सभी मिलकर चुनौतियों का समाधान करें।
नवाचार और स्व-सहायता समूहों को प्रोत्साहन
उन्होंने पीएम जनमन क्षेत्रों में आंगनबाड़ी केंद्रों की प्रगति की जानकारी ली और वहां आजीविका से जुड़े काम करने पर जोर दिया। राज्यपाल ने स्व-सहायता समूहों की सराहना की और कहा कि जो समूह नवाचार करेंगे, उन्हें राजभवन की ओर से सम्मानित किया जाएगा।
राज्यपाल ने अधिकारियों से कहा कि विश्व आदिवासी दिवस (15 नवंबर) से पहले पीएम जनमन क्षेत्रों में सभी योजनाओं में शत-प्रतिशत प्रगति सुनिश्चित करें और कौशल विकास पर खास ध्यान दें।





