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Brewery: विश्वविद्यालयों के बीच शराब भट्टी, छात्र-छात्राएं और महिलाएं असुरक्षित ..

बिलासपुर
बिलासपुर के कोनी थाना क्षेत्र में स्थिति इतनी बिगड़ गई है कि चार विश्वविद्यालयों के बीच एक शराब भट्टी कई वर्षों से संचालित है जहां, बिरकोना रमतला चौक के पास प्रभु हनुमान जी के मंदिर से सटे इस मदिरा दुकान के चलते छात्र-छात्राएं, महिलाएं और आम जनता खुद को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। शराबियों का जमावड़ा और उनके बर्ताव से लोगों का उस रास्ते से गुजरना तक मुश्किल हो गया है..
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यह शराब भट्टी पंडित सुंदरलाल शर्मा मुक्त विश्वविद्यालय, गुरु घासीदास विश्वविद्यालय, डीपी कॉलेज और गुरु घासीदास सेंट्रल यूनिवर्सिटी जैसे चार प्रमुख शैक्षणिक संस्थानों के बीच स्थित है। बिरकोना और रामतला के बीच इस मंदिर चौक पर शराबियों का रोज़ जमावड़ा लगा रहता है। स्थानीय लोग बताते हैं कि महिलाएं यहां से गुजरने में डरती हैं, छात्राएं खुद को असुरक्षित मानती हैं और शराबी आए दिन राहगीरों से बदसलूकी करते हैं।स्थानीय निवासियों और छात्रों ने कई बार इस मुद्दे को उठाया है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। सवाल यह है कि आखिर प्रशासन क्यों चुप है? क्या मंदिर, यूनिवर्सिटी और रिहायशी इलाके के बीच ऐसी जगह पर शराब भट्टी चलने देना जायज़ है? लोगों की मांग है कि इस दुकान को जल्द से जल्द बंद किया जाए, ताकि क्षेत्र में पढ़ने वाले छात्र और स्थानीय महिलाएं खुद को सुरक्षित महसूस कर सकें..

cgnn की टीम ने जब इस मदिरा दुकान को लेकर आने-जाने वाले लोगों से बात करने की कोशिश की, तो ज़्यादातर ने कैमरे पर कुछ भी कहने से साफ इनकार कर दिया। उनका कहना था कि हमें इस मामले में न घसीटा जाए, न ही हम कुछ बोलना चाहते हैं। लोगों के जवाबों में डर साफ नजर आया। कोई खुलकर बोलना नहीं चाहता, मानो सबकुछ जानते हुए भी चुप्पी उनकी मजबूरी बन गई हो। सवाल ये है कि आख़िर ऐसा क्या है जिससे लोग डरे हुए हैं? किस अधिकारी या फिर नेता का हाथ है इस मदिरा दुकान के संचालन में, जिसके चलते लोग आवाज़ उठाने से कतरा रहे हैं?

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