बिलासपुर में नलों से बह रहा ज़हर! गंदे पानी से परेशान लोग, प्रशासन बेखबर

बिलासपुर। शहर की सबसे बड़ी समस्या बन चुकी है गंदा पीने का पानी। कई वार्डों में नलों से पीला, बदबूदार और मटमैला पानी आ रहा है, जिससे लोग बीमार हो रहे हैं। खासकर बच्चे और बुजुर्ग सबसे ज्यादा प्रभावित हैं। लेकिन नगर निगम और जल विभाग के अधिकारी बिल्कुल लापरवाह बने हुए हैं।
दयालबंद इलाके में जब ग्रैंड न्यूज़ की टीम पहुंची, तो महिलाओं ने बताया कि नल का पानी पीने लायक नहीं है, लेकिन मजबूरी में वही पानी इस्तेमाल करना पड़ रहा है। कई परिवारों को बाजार से पानी खरीदना पड़ रहा है, लेकिन हर किसी के पास यह सुविधा नहीं है।
पाइपलाइन से फैल रहा संक्रमण
शहर में पेयजल सप्लाई की लाइनें गंदगी से भरी नालियों के बीच से गुजर रही हैं। ये पाइपलाइनें कई साल पुरानी और जर्जर हो चुकी हैं। जगह-जगह से टूट चुकी पाइपों में नालियों का गंदा पानी रिसकर घरों तक पहुंच रहा है। यानी लोग अनजाने में सीवर का पानी पी रहे हैं।
जल विभाग के प्रभारी अनुपम तिवारी पर उठे सवाल
लोगों का आरोप है कि जल विभाग के प्रभारी अनुपम तिवारी न तो खुद क्षेत्र का दौरा कर रहे हैं, न कोई ठोस कार्रवाई कर रहे हैं। जब लोग शिकायत लेकर उनके पास पहुंचे तो सिर्फ आश्वासन मिला, कोई समाधान नहीं। इससे लोगों में गहरा आक्रोश है।
हाईकोर्ट ने लिया सख्त रुख
लगातार बिगड़ती हालात को देखते हुए हाईकोर्ट ने खुद इस मामले में संज्ञान लिया है और शासन-प्रशासन को फटकार लगाई है। कोर्ट ने पूछा है कि आखिर कब सुधरेगा सिस्टम?
अब जनता का सवाल – क्या अब भी कुछ बदलेगा?
हाईकोर्ट की सख्ती के बाद नगर निगम हरकत में आया है, लेकिन जनता के मन में अब भी सवाल है — क्या हालात वाकई बदलेंगे या फिर लोगों को गंदे पानी और बीमारियों के बीच ही जीने की आदत डालनी पड़ेगी?
फिलहाल, बिलासपुर की जनता इंतजार कर रही है – एक साफ और सुरक्षित पानी की बूंद का।





