Et af de længst eksisterende offshore-navne er stadig Queenvegas selvom konkurrencen er blevet hård. I sammanställningar av nyare alternativ förekommer Slotser casino som ett av flera mindre kända varumärken. Bland mindre etablerade sajter återfinns Newlucky casino som har en relativt enkel webbplats men ett brett spelutbud. För dem som vill veta mer om sajter utan begränsningar kan man klicka här och bläddra bland alternativen. Among lion-themed brand entries is www.leoncasino.nu which sits alongside several similar names. För spelare som är nyfikna på bonus buy-mekaniken kan man läs mer här för en bredare överblick.

Share market : भारतीय शेयर बाजार की गिरावट के साथ शुरुआत, मंदी की आशंकाओं के बीच दिखी चौतरफा बिकवाली

नई दिल्ली। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के टैरिफ लगाने की घोषणा के बाद शुक्रवार को भारतीय शेयर बाजार की शुरुआत गिरावट के साथ हुई. मंदी की आशंकाओं के बीच बाजार में चौतरफा बिकवाली देखी गई. सेंसेक्स 920 अंक या 1.21 परसेंट की गिरावट के साथ आज दिन के निचले स्तर 75,375 पर आ गया, जबकि निफ्टी 50 350 अंक या 1.51 परसेंट गिरकर दोपहर में 22,899 पर कारोबार कर रहा था.

दरअसल, ट्रंप के टैरिफ लगाने के चलते ट्रेड वॉर की आशंका और बढ़ गई है. इससे निवेशकों का मनोबल कमजोर हुआ है. शेयर बाजार में यह गिरावट इतनी जबरदस्त थी कि आज सभी सेक्टोरल सूचकांक लाल निशान पर ट्रेड करते दिखे. सबसे ज्यादा गिरावट आईटी, मेटल और फार्मास्यूटिकल के स्टॉक में देखी गई.

बीएसई में लिस्टेड कंपनियों की कुल मार्केट वैल्यू 9.47 लाख करोड़ रुपये घटकर 403.86 लाख करोड़ रुपये रह गया. इस बीच, 2,496 कंपनियों के शेयरों में गिरावट आई, जबकि 834 में तेजी आई और 116 में कोई बदलाव नहीं हुआ. टाटा स्टील, हिंडाल्को, सिप्ला, ओएनजीसी और टाटा मोटर्स जैसी कई बड़ी कंपनियों के शेयरों में हाहाकार मचा हुआ है. इनमें 7 परसेंट तक की गिरावट आई है.

व्यापक बाजारों पर इसका प्रभाव और भी गंभीर रहा क्योंकि निफ्टी मिडकैप 100 में 3 परसेंट से अधिक की गिरावट देखी गई. जबकि निफ्टी स्मॉलकैप 100 में इंट्राडे कारोबार के दौरान 3.58 परसेंट तक की गिरावट आई. इसी के साथ पिछले दो सेशन में आई बढ़त का सिलसिला थम गया. इसी के साथ आइए देखते हैं इस गिरावट के पीछे कौन सी बड़ी वजहें हैं-

ट्रंप ने 180 से भी ज्यादा देशों पर टैरिफ लगाकर ग्लोबल मार्केट में तूफान ला दिया है. ट्रंप ने सभी देशों पर 10 परसेंट का बेसलाइन टैरिफ लगाया है. इसके अलावा, अलग से रेसिप्रोकल टैरिफ भी लगाया गया है. अमेरिका ने भारत पर 26 परसेंट का डिस्काउंटेड टैरिफ लगाया है. जबकि चीन, यूरोपीय यूनियन, दक्षिण कोरिया, वियतनाम, ताइवान और जापान पर भी 20 से 46 परसेंट तक का हाई टैरिफ लगाया गया है.

एक्सपर्ट्स का मानना है कि ट्रंप के टैरिफ के खिलाफ जवाबी कार्रवाई हो सकती है इससे ग्लोबल ट्रेड वॉर की स्थिति पैदा हो सकती है. वैश्विक बाजार में भी अनिश्चितता बढ़ सकती है. जियोजित फाइनेंशियल सर्विसेज चीफ इंवेस्टमेंट स्ट्रैटेजिस्ट वी के विजयकुमार ने कहा, बाजार में अनिश्चितता का दौर जारी है और समय तक स्थिति ऐसी ही रह सकती है.

मेटल शेयरों में भारी बिकवाली के दबाव के चलते हिंडाल्को, नाल्को, वेदांता और जेएसडब्ल्यू स्टील के शेयरों में 5 परसेंट तक की गिरावट आई. यह गिरावट इस वजह से आई कि ट्रंप के टैरिफ लगाने से अब  यह तेज गिरावट इस डर से प्रेरित थी कि पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की व्यापक टैरिफ घोषणा से इंडस्ट्रियल कमोडिटीज की मांग दुनियाभर में कम हो सकती है. इससे ग्लोबल इंफ्रास्ट्रक्चर में महंगाई को लेकर व्यापक चिंताएं पैदा हो सकती हैं.

डोनाल्ड ट्रंप ने फार्मास्यूटिकल सेक्टर पर भी जल्द टैरिफ लगाने का संकेत दे दिया है. ट्रंप ने बीते दिन कहा, फार्मा पर हम ऐसी टैरिफ लगाने वाले हैं, ऐसा पहले कभी नहीं देखा होगा. उन्होंने फार्मा इंडस्ट्री को एक अलग कैटेगरी में देखे जाने का जिक्र किया, जिसके लिए घोषणा जल्द हो सकती है. ट्रंप के इस बयान का ही असर है कि आज फार्मा इंडेक्स 4.5 परसेंट से अधिक लुढ़क गया. इसके अलावा, ग्लोबल मार्केट्स से कमजोर संकेत, विदेशी निवेशकों की बिकवाली भी इस गिरावट के पीछे जिम्मेदार हैं.

 

Show More
Follow Us on Our Social Media
Back to top button
जम्मू-कश्मीर में बारिश से अपडेट सोनम ने ही राजा को दिया था खाई में धक्का… आरोपियों ने बताई सच्चाई
जम्मू-कश्मीर में बारिश से अपडेट सोनम ने ही राजा को दिया था खाई में धक्का… आरोपियों ने बताई सच्चाई