जानिए मशहूर फिल्म “लापता लेडीज” पर क्यों लगा चोरी का आरोप?

बॉलीवुड
बॉलीवुड में ऐसी कई फिल्मे हैं, जिन पर दूसरे फिल्मों की कहानी चोरी करने का आरोप लगाया गया है। वही कई बॉलीवुड फिल्मों के गानों पर भी कॉपी करने का आरोप लगा है। इनमे कई ऐसे मामले हैं, जिनका फैसला कोर्ट में हुआ है और कई मामले अभी भी कोर्ट में चल रहे हैं। इसी कड़ी में अब मशहूर फिल्म “लापता लेडीज” पर भी एक विदेशी फिल्म की कहानी चोरी करने का आरोप लगा है।
आमिर खान के प्रोडक्शन तले बनी फिल्म “लापता लेडीज” एक नए विवाद में फंस गई हैं। आमिर खान की पत्नी किरण राव के निर्देशन में बनी “लापता लेडीज” पर एक विदेशी फिल्म की कहानी कॉपी करने का आरोप लगा है। ट्विटर पर एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें इस बात का जिक्र है कि विदेश में बनी एक शॉर्ट फिल्म से “लापता लेडीज” की कहानी काफी मिलती हैं।
बता दें कि सोशल मीडिया पर कुछ यूजर्स दावा कर रहे हैं कि साल 2024 में सिनेमाघरों में रिलीज हुई फिल्म ‘लापता लेडीज’ अरबी शॉर्ट फिल्म ‘बुर्का सिटी’ से मिलती-जुलती है। वायरल क्लिप में एक आदमी अपनी पत्नी और बुर्का पहने महिला दोनों के कारण भ्रमित होने के बाद गलती से दूसरी महिला को अपने घर ले आता है। यहां तक कि पुलिस वाला सीन भी ‘लापता लेडीज’ में दिखाए गए सीन जैसा ही लग रहा था।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स X पर कुछ यूजर्स ने ‘लापता लेडीज’ और ‘बुर्का सिटी’ के बीच कई समानताओं का वीडियो शेयर किया हैं। ‘लापता लेडीज’ की कहानी भी कुछ ऐसी ही है। फिल्म में दो दुल्हनें गलती से बदल जाती हैं, क्योंकि दोनों ने घूंघट डाला हुआ था। इस समानता को देखते हुए लोग इस फिल्म को ‘बुर्का सिटी’ की कॉपी बता रहे हैं।
साल 2019 में आई 19 मिनट की शॉर्ट फिल्म ‘बुर्का सिटी’ मिडिल ईस्ट की कहानी दिखाती है, जहां एक व्यक्ति की नई दुल्हन गलती से किसी और महिला से बदल जाती है, क्योंकि दोनों ने बुर्का पहना होता है। यह फिल्म सटायर कॉमेडी थी। हालांकि, अब तक फिल्म के मेकर्स या किरण राव की ओर से इस आरोप पर कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है।
“लापता लेडीज” साल 2024 को सिनेमाघरों में रिलीज हुई थी। किरण राव द्वारा निर्देशित इस फिल्म का निर्माण आमिर खान और क्योटी देशपांडे ने किया था। यह एक कॉमेडी-ड्रामा फिल्म थी। जिसमें नितांशी गोयल, प्रतिभा रांता, स्पर्श श्रीवास्तव, छाया कदम और रवि किशन मुख्य भूमिका में हैं और यह दो युवा दुल्हनों की कहानी बताती है जो ट्रेन की सवारी के दौरान अपने पति के घरों में बदल जाती हैं।
वही साल 2019 में आई अरबी शार्ट फिल्म “बुर्का सिटी” एक मिडिल ईस्ट की कहानी दिखती है। बुर्का सिटी 20 मिनट की अरबी भाषा की कॉमेडी है, जिसका निर्देशन फैब्रिस ब्रैक ने किया है। यह मध्य पूर्वी शहर में सेट है, यह एक युवा जोड़े की कहानी है, जिनके बीच बहस गलत पहचान पर आधारित होती है, जब पति गलत बुर्का पहने महिला को घर ले आता है। यह फ़िल्म रिश्तों, धर्म और सामाजिक मानदंडों की खोज करके हास्य को सामाजिक टिप्पणियों के साथ चतुराई से जोड़ती है।

बता दें ये पहली बार नहीं है जब किरण राव पर उनकी फिल्म के लिए कहानी चोरी का आरोप लगाया गया है। अभिनेता और निर्देशक अनंत महादेवन ने भी अपनी निर्देशित फिल्म फुले की कहानी छोरी करने का आरोप लगाया था। उन्होंने इंस्टाग्राम पर लिखा कि उनकी पहली फीचर फिल्म, घूंघट के पट खोल, दो दुल्हनों की एक विचित्र कहानी है, जो ट्रेन में बदल जाती हैं और बॉम्बे में गलत पतियों के साथ चली जाती हैं। फिल्म निर्माता ऋषिकेश मुखर्जी को यह इतनी पसंद आई कि उन्होंने इसे दो बार देखा। महादेवन ने लिखा, “यह जानकर खुशी और प्रसन्नता हुई कि इस वर्ष भी इसी तरह की एक फिल्म को प्रेरणा मिली है।”
फिर भी यह पहली बार नहीं है जब भारत की ऑस्कर के लिए गई फिल्म पर साहित्यिक चोरी का आरोप लगाया गया है। साल 2013 में भारत की ऑस्कर प्रविष्टि बर्फी को चार्ली चैपलिन की फिल्मों, बेनी एंड जून , द नोटबुक और सिटी लाइट्स जैसी वैश्विक क्लासिक्स से दृश्यों की कथित नकल के लिए कड़ी आलोचना का सामना करना पड़ा था।





