करोड़ों की ठगी: क्रिप्टो के नाम पर करोड़ों का खेल? नगद निवेश, गारंटी और भारी मुनाफे का झांसा
पीड़ितों ने IG से फिर लगाई न्याय की गुहार...

बिलासपुर से इस वक्त बड़ी खबर सामने आ रही है। (करोड़ों की ठगी) क्रिप्टो और ब्लॉकचेन में निवेश के नाम पर करोड़ों रुपये की कथित ठगी का मामला अब पुलिस महानिरीक्षक तक पहुंच गया है। पीड़ितों का आरोप है कि जमीन, मकान, फ्लैट और सोने जैसी संपत्ति की गारंटी के साथ ज्यादा मुनाफे का भरोसा दिलाकर केवल नगद में निवेश कराया गया। इसके साथ ही नेटवर्क मार्केटिंग यानी MLM के जरिए टीम बनाने पर आकर्षक कमीशन, 10 साल तक करियर और उज्ज्वल भविष्य का सपना दिखाए जाने का भी आरोप है। सबसे बड़ा सवाल यह है कि 14 अगस्त को शिकायत देने के बाद भी 18 सितंबर तक कार्रवाई क्यों नहीं हुई?
नगद निवेश, गारंटी और भारी मुनाफे का झांसा (करोड़ों की ठगी)
बिलासपुर में क्रिप्टो और ब्लॉकचेन के नाम पर कथित निवेश ठगी का मामला सामने आया है।पीड़ित सदस्यगणों ने पुलिस महानिरीक्षक, बिलासपुर रेंज के समक्ष पुनः आवेदन देकर मामले में जांच, FIR और वैधानिक कार्रवाई की मांग की है। शिकायत के मुताबिक, बिलासपुर निवासी सोमेंद्र कश्यप उर्फ सोम चंद्र कश्यप, पिता दयाराम कश्यप, निवासी पटवारी प्रशिक्षण केंद्र के पास, राजकिशोर नगर, चिंगराजपारा, बिलासपुर, तहसील एवं जिला बिलासपुर, छत्तीसगढ़ का नाम शिकायत में दर्ज किया गया है। शिकायत में उन्हें डायरेक्टर/पार्टनर्स, इम्पीरियल सिटी डेवलपर्स तथा स्वर्ण शिखर अपार्टमेंट DCT रियल एस्टेट डेवलपर्स, बिलासपुर छत्तीसगढ़ से संबंधित बताया गया है।
इसके अलावा मंगल तिवारी, नागपुर महाराष्ट्र, तथा POLK DAO FOUNDATION, COLORADO, USA, POLK CHAIN ब्लॉकचेन और P2AI COIN/TOKEN से जुड़े निवेश कारोबार का भी शिकायत में उल्लेख किया गया है। पीड़ितों का आरोप है कि हजारों लोगों को केवल नगद राशि में निवेश करने के लिए प्रेरित किया गया। शिकायत के अनुसार निवेशकों को उनकी निवेशित राशि के बदले जमीन, मकान, फ्लैट और सोना जैसी संपत्तियों की गारंटी का भरोसा दिलाया गया। इसके साथ ही अधिक मुनाफे का लालच दिया गया और लोगों को यह विश्वास दिलाया गया कि उनका निवेश सुरक्षित रहेगा तथा उन्हें बेहतर रिटर्न मिलेगा।
यही नहीं, शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि अन्य लोगों को जोड़कर टीम बनाने के लिए MLM यानी नेटवर्क मार्केटिंग मॉडल के जरिए आकर्षक कमीशन देने का भी प्रलोभन दिया गया। निवेशकों को 10 साल तक करियर और उज्ज्वल भविष्य का भरोसा दिलाकर निवेश के लिए प्रेरित किए जाने की बात भी शिकायत में कही गई है।
शिकायतकर्ताओं का कहना है कि इस तरह क्रिप्टो और ब्लॉकचेन के नाम पर बड़ी रकम नगद में निवेश कराई गई। लेकिन बाद में कथित तौर पर निवेश की रकम वापस नहीं मिली।
पीड़ितों ने पूरे मामले में निवेश की प्रक्रिया, नगद लेन-देन, कथित गारंटी, मुनाफे के वादे, नेटवर्क मार्केटिंग के जरिए लोगों को जोड़ने और रकम वापस नहीं मिलने सहित पूरे मामले की जांच की मांग की है।शिकायत में संबंधित लोगों और संस्थाओं के विरुद्ध FIR दर्ज कर वैधानिक कार्रवाई किए जाने की मांग की गई है।
अब इस मामले में सबसे बड़ा सवाल पुलिस कार्रवाई को लेकर उठाया गया है।
पीड़ित सदस्यगणों के अनुसार उन्होंने इससे पहले 14 अगस्त 2026 को पुलिस महानिरीक्षक, बिलासपुर रेंज, बिलासपुर तथा पुलिस अधीक्षक, बिलासपुर के समक्ष शिकायत प्रस्तुत की थी।लेकिन शिकायतकर्ताओं का कहना है कि 18 सितंबर 2026 तक इस मामले में कोई कानूनी कार्रवाई नहीं हुई है।इसी को लेकर अब पीड़ितों ने पुलिस महानिरीक्षक के समक्ष पुनः आवेदन प्रस्तुत किया है और मामले में जल्द से जल्द कार्रवाई की मांग की है।
पीड़ित सदस्यगणों ने पुलिस महानिरीक्षक से पूरे मामले पर ध्यान देते हुए—शिकायत की जांच कराने,कथित निवेश और नगद लेन-देन की जांच करने,संबंधित व्यक्तियों और संस्थाओं की भूमिका की जांच करने,आवश्यक होने पर FIR दर्ज करने,पूरे मामले में वैधानिक कार्रवाई करने,और पीड़ित सदस्यों को न्याय दिलानेकी मांग की है।





