रायपुर पुलिस कमिश्नरेट की समीक्षा बैठक में अपराध नियंत्रण पर फोकस, विशेष टीम बनाने के निर्देश

रायपुर में पुलिस कमिश्नरेट प्रणाली लागू होने के लगभग पांच महीने बाद पुलिस कंट्रोल रूम में उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता पुलिस कमिश्नर डॉ. संजीव शुक्ला ने की, जिसमें कानून-व्यवस्था, अपराध नियंत्रण और विभिन्न अभियानों की प्रगति की समीक्षा की गई।
अपराध नियंत्रण को लेकर सख्त निर्देश
बैठक में शहर में बढ़ रही चाकूबाजी, लूटपाट और अन्य गंभीर अपराधों पर चिंता व्यक्त की गई। पुलिस कमिश्नर ने अधिकारियों को अपराधियों के खिलाफ प्रभावी और त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही पुलिसिंग को अधिक मजबूत और परिणामोन्मुख बनाने पर जोर दिया गया।
उन्होंने क्राइम डीसीपी को संगठित अपराध, लूट और चाकूबाजी जैसी घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए विशेष टीम गठित करने की सलाह दी। संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ाने और अपराधियों पर लगातार नजर रखने के निर्देश भी दिए गए।
अधिकारियों के प्रदर्शन की समीक्षा
समीक्षा बैठक के दौरान पुलिस कमिश्नर ने अधिकारियों के साथ वन-टू-वन चर्चा कर विभिन्न जोनों और थानों के कार्यों का मूल्यांकन किया। इस दौरान एक एसीपी स्तर के अधिकारी द्वारा प्रस्तुत आंकड़ों में विसंगति पाए जाने पर उन्हें डेटा सुधारकर दोबारा प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए।
बैठक में लंबित मामलों, विवेचना की प्रगति, महिला सुरक्षा, यातायात प्रबंधन, सामुदायिक पुलिसिंग और नशे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियानों की भी विस्तार से समीक्षा की गई।
नशे और आर्थिक अपराधों पर कार्रवाई तेज होगी
पुलिस कमिश्नर ने एनडीपीएस एक्ट से जुड़े मामलों, साइबर अपराध, चिटफंड धोखाधड़ी और अन्य आर्थिक अपराधों की समीक्षा करते हुए सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नशे के कारोबार से जुड़े नेटवर्क को खत्म करने के लिए खुफिया तंत्र को और मजबूत बनाया जाए।
इसके अलावा अवैध गतिविधियों से अर्जित संपत्तियों की पहचान कर उनकी जब्ती की कार्रवाई में तेजी लाने के निर्देश भी दिए गए। बैठक में सभी जोन डीसीपी, एडीसीपी, एसीपी, लोकल इंटेलिजेंस यूनिट और विशेष शाखा के अधिकारी उपस्थित रहे।





