Railway Protest: बिलासपुर में रेलवे अंडरब्रिज को बंद किए जाने से उपजा आक्रोश
बार-बार की इस असुविधा को अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा

बिलासपुर में रेलवे अंडरब्रिज को बंद किए जाने से उपजा आक्रोश अब आंदोलन की शक्ल ले चुका है। (Railway Protest) आवाजाही ठप होने से परेशान हजारों शहरवासियों का सब्र आज जवाब दे गया और उन्होंने रेलवे प्रशासन की कार्यप्रणाली के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। प्रदर्शनकारियों ने साफ कर दिया है कि बार-बार की इस असुविधा को अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा…….
डीआरएम कार्यालय का घेराव (Railway Protest)
शहर की लाइफलाइन माना जाने वाला यह अंडरब्रिज एक बार फिर बैरिकेड्स लगाकर बंद कर दिया गया है। इस बंदी के कारण लोगों को कई किलोमीटर का अतिरिक्त फेरा लगाना पड़ रहा है, जिससे न केवल समय की बर्बादी हो रही है, बल्कि आर्थिक बोझ भी बढ़ गया है। सबसे बुरा हाल स्कूली बच्चों और दफ्तर जाने वाले कर्मचारियों का है, जो भीषण गर्मी में जाम और लंबे रास्तों से जूझने को मजबूर हैं।
आक्रोशित नागरिकों ने आज डीआरएम कार्यालय का घेराव किया और नारेबाजी की। स्थानीय लोगों का कहना है कि रेलवे का यह ‘मेंटेनेंस खेल’ हर छह महीने में शुरू हो जाता है, जो हफ्तों तक चलता है। लोगों ने आरोप लगाया कि प्रशासन जनता की सुविधा को ताक पर रखकर मनमाने ढंग से काम कर रहा है……
जनता ने चेतावनी दी है कि यदि काम की गति नहीं बढ़ाई गई, तो वे उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होंगे
आंदोलनकारियों के मुताबिक, इस अंडरब्रिज पर करीब 40 हजार शहरी और आस-पास के ग्रामीण इलाकों के 40 हजार, यानी कुल 80 हजार लोगों की निर्भरता है। इतनी बड़ी आबादी को प्रभावित करने वाले इस काम में घोर लापरवाही का आलम यह है कि एक हफ्ता बीत जाने के बाद भी मौके पर कोई ठोस प्रगति नजर नहीं आ रही। स्थानीय निवासियों का तर्क है कि जो तकनीकी काम आधुनिक मशीनों के जरिए दो से तीन दिनों में सिमट सकता है, उसे जानबूझकर डेढ़ महीने तक खींचा जा रहा है। जनता ने चेतावनी दी है कि यदि काम की गति नहीं बढ़ाई गई, तो वे उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होंगे……
डीआरएम कार्यालय में गहमागहमी के बीच अधिकारियों ने प्रतिनिधिमंडल से चर्चा की और जल्द से जल्द काम पूरा कराने का भरोसा दिलाया है। हालांकि, पूर्व के अनुभवों को देखते हुए जनता इस आश्वासन से पूरी तरह संतुष्ट नहीं है। अब देखना होगा कि रेलवे अपनी सुस्त रफ्तार को रफ्तार देता है या शहरवासियों को अभी कई दिनों तक इस धूल और धूप भरे लंबे रास्तों की सजा भुगतनी पड़ेगी…..





