Uprising: सिम्स अस्पताल में मरीजों के साथ अमानवीय व्यवहार और अव्यवस्थाओं पर बजरंग दल का हल्लाबोल….
मरीजों को प्रैक्टिकल की वस्तु समझना बंद करें डॉक्टर.....

बिलासपुर के सिम्स (CIMS) अस्पताल में व्याप्त भारी अव्यवस्थाओं और मरीजों के साथ होने वाले दुर्व्यवहार के खिलाफ (Uprising) बजरंग दल ने मोर्चा खोल दिया है। बजरंग दल के जिला संयोजक के नेतृत्व में बड़ी संख्या में पहुंचे कार्यकर्ताओं ने अस्पताल प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और डीन से मिलकर अपनी कड़ी आपत्ति दर्ज कराई। कार्यकर्ताओं का सीधा आरोप है कि सिम्स में शासन की आयुष्मान कार्ड और नि:शुल्क दवा जैसी योजनाओं का लाभ मिलने के बजाय मरीजों को भारी प्रताड़ना झेलनी पड़ रही है।

मरीजों को प्रैक्टिकल की वस्तु समझना बंद करें डॉक्टर (Uprising)
उन्होंने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि यहाँ के जूनियर डॉक्टर मरीजों को इंसान नहीं बल्कि प्रयोगशाला के “जीव-जंतु” समझ बैठे हैं, जिन पर उनकी जान की परवाह किए बिना केवल प्रैक्टिकल (प्रयोग) किए जा रहे हैं। जिला संयोजक ने हालिया घटना का जिक्र करते हुए बताया कि रात के समय ड्यूटी पर तैनात स्टाफ और डॉक्टरों ने मरीज के परिजनों के साथ गुंडागर्दी करते हुए उन्हें धमकी दी, जो एक चिकित्सा संस्थान के लिए शर्मनाक है।
बजरंग दल ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि एक बीमार व्यक्ति पहले से ही अत्यंत कष्ट में होता है, ऐसे में वार्ड बॉय से लेकर डॉक्टर तक यदि किसी ने भी मरीजों या उनके परिजनों के साथ संवेदनशीलता और प्रेमपूर्वक व्यवहार नहीं किया, तो बजरंग दल इसे कतई बर्दाश्त नहीं करेगा और इस तानाशाही के खिलाफ उग्र आंदोलन छेड़ा जाएगा….





