NSUI Memorandum: Tpo नियुक्ति में अनियमितता का आरोप, NSUI ने सौंपा ज्ञापन
एक हफ्ते में कार्रवाई नहीं हुई तो होगा आंदोलन

गुरु घासीदास केंद्रीय विश्वविद्यालय, कोनी में (NSUI Memorandum) प्रशिक्षण एवं प्लेसमेंट अधिकारी (TPO) की नियुक्ति को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। एनएसयूआई के प्रदेश सचिव रंजेश सिंह के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने कुलसचिव अश्वनी दीक्षित को ज्ञापन सौंपकर पूरे मामले में तत्काल कार्रवाई की मांग की है।
ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि विश्वविद्यालय में TPO का पद स्वीकृत नहीं होने के बावजूद नियमों को दरकिनार करते हुए नियुक्ति की गई। साथ ही बिना UGC एवं सक्षम प्राधिकरण की अनुमति के छात्र-छात्राओं की फीस (IRG फंड) से वेतन भुगतान किया जाना गंभीर वित्तीय अनियमितता है। बताया गया कि इस मद से अब तक लगभग 1 से 1.5 करोड़ रुपये का भुगतान किया जा चुका है।
वर्ष 2016 और 2025 की जांच समितियों में भी इस भर्ती को अनियमित पाया गया था, (NSUI Memorandum)
एनएसयूआई ने चयन प्रक्रिया पर भी सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि निर्धारित अंकों से अधिक अंक देना, अप्रमाणित डिग्री के आधार पर चयन और अनुभव का गलत मूल्यांकन जैसे गंभीर गड़बड़ियां हुई हैं। संगठन का दावा है कि वर्ष 2016 और 2025 की जांच समितियों में भी इस भर्ती को अनियमित पाया गया था, इसके बावजूद भुगतान जारी है।
रंजेश सिंह ने कहा कि पूरे प्रकरण में विश्वविद्यालय के जिम्मेदार अधिकारियों की भूमिका संदिग्ध है और इसकी निष्पक्ष जांच केंद्रीय स्तर पर कराई जानी चाहिए। उन्होंने संबंधित अधिकारी को तत्काल पद से हटाने, एफआईआर दर्ज करने और अब तक किए गए भुगतान की वसूली की मांग की है। एनएसयूआई ने चेतावनी दी है कि यदि एक सप्ताह के भीतर उचित कार्रवाई नहीं की गई, तो संगठन चरणबद्ध आंदोलन करेगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी विश्वविद्यालय प्रशासन की होगी।





