पुराने संसद भवन में आग, वेल्डिंग के दौरान लगी आग पर तुरंत पाया गया काबू

पुराने संसद भवन में आग लगने की घटना से शाम के समय अफरा-तफरी मच गई। यह घटना करीब शाम 5:40 बजे की बताई जा रही है, जब भवन की छत पर मरम्मत का काम चल रहा था।
जानकारी के अनुसार, छत पर वेल्डिंग कार्य के दौरान निकली चिंगारी से आग लग गई। हालांकि, स्थिति ज्यादा गंभीर नहीं हुई और तुरंत कार्रवाई करते हुए CISF की फायर टीम ने कुछ ही मिनटों में आग पर काबू पा लिया।
अधिकारियों के मुताबिक, पुराने संसद भवन में आग की इस घटना में किसी तरह के बड़े नुकसान या हताहत होने की खबर नहीं है। सुरक्षा एजेंसियां मौके पर पहुंचकर हालात का जायजा ले रही हैं और आगे की जांच की जा रही है।
पुराना संसद भवन, जिसे अब ‘संविधान सदन’ के नाम से जाना जाता है, देश के लोकतांत्रिक इतिहास का एक महत्वपूर्ण प्रतीक रहा है। करीब 96 वर्षों तक यह भारत की संसद का मुख्यालय रहा और इसी भवन में भारतीय संविधान का निर्माण और अंगीकरण हुआ था।
साल 2023 में नए संसद भवन के उद्घाटन के बाद इस ऐतिहासिक इमारत का नाम बदलकर ‘संविधान सदन’ कर दिया गया। वर्तमान में इसका उपयोग संसदीय कार्यक्रमों और संग्रहालय के रूप में किए जाने की योजना है।
इस भवन का डिजाइन प्रसिद्ध ब्रिटिश आर्किटेक्ट सर एडविन लुटियंस और सर हरबर्ट बेकर ने तैयार किया था। इसका निर्माण कार्य 1921 में शुरू हुआ था और 1927 में पूरा हुआ।
फिलहाल, पुराने संसद भवन में आग की घटना को लेकर प्रशासन सतर्क है और सुरक्षा मानकों की समीक्षा की जा रही है ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके।





