अवैध क्लिनिक में इलाज के दौरान गर्भवती महिला की मौत, गांजा और अवैध दवाइयां बरामद; झोलाछाप डॉक्टर गिरफ्तार

बलौदाबाजार जिले के पलारी थाना क्षेत्र अंतर्गत छेरकाडीह जारा गांव में एक गर्भवती महिला की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के बाद अवैध क्लिनिक से गांजा और भारी मात्रा में अवैध दवाइयां बरामद की गई हैं। बिना मेडिकल डिग्री के इलाज कर रहे झोलाछाप डॉक्टर को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।
जानकारी के अनुसार, वर्ष 2022 में विवाह के बाद महिला का ढाई साल का एक बेटा है और वह दूसरी बार चार माह की गर्भवती थी। सर्दी-खांसी की शिकायत होने पर वह गांव के ही जयंत साहू नामक व्यक्ति के क्लिनिक में इलाज कराने पहुंची थी, जो गांव का सरपंच भी है। आरोप है कि इलाज के दौरान अचानक महिला को उल्टियां होने लगीं और वह बेहोश हो गई।
परिजनों के मुताबिक इंजेक्शन लगाए जाने के बाद उसकी तबीयत बिगड़ी। हालत गंभीर होने पर उसे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पलारी ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद बताया कि अस्पताल पहुंचने से पहले ही उसकी मौत हो चुकी थी। महिला के नाक से झाग और खून निकलने की भी बात सामने आई है।
अस्पताल प्रबंधन के अनुसार शव को दोपहर में लाया गया था। परिजन करीब चार घंटे तक अस्पताल में रहे और बाद में पोस्टमॉर्टम न कराने का लिखित आवेदन देकर शव अपने साथ ले गए। इसके बाद बिना किसी पुलिस शिकायत के अंतिम संस्कार कर दिया गया।
मामले की जानकारी मिलने पर राजस्व, स्वास्थ्य और पुलिस विभाग की संयुक्त टीम ने क्लिनिक पर छापा मारा। जांच के दौरान वहां से भारी मात्रा में अवैध दवाइयां और गांजा बरामद हुआ। आरोपी ने स्वीकार किया है कि उसके पास कोई मेडिकल डिग्री नहीं है और वह पिछले करीब 17 वर्षों से इलाज कर रहा था।
पुलिस ने आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट सहित अन्य धाराओं में मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार किया। न्यायालय में पेश किए जाने के बाद उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। मामले की विस्तृत जांच जारी है।





