बंगाल चुनाव से पहले 16 स्पेशल ट्रेनें, बिलासपुर जोन से कई रूट पर बढ़ी सुविधा

पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव से पहले दूसरे राज्यों में काम कर रहे मतदाताओं की आवाजाही को ध्यान में रखते हुए रेलवे ने बिलासपुर जोन से 16 स्पेशल ट्रेनें चलाने का फैसला किया है। इनमें कुछ ट्रेनें पहले ही समर स्पेशल के रूप में शुरू हो चुकी हैं, जबकि ज्यादातर ट्रेनें मतदान से 2 से 4 दिन पहले चलाई जाएंगी। हालांकि रेलवे ने इन ट्रेनों को चुनाव से जोड़कर आधिकारिक घोषणा नहीं की है, लेकिन समय और रूट को देखते हुए इसे चुनावी जरूरतों से जुड़ा माना जा रहा है।
पश्चिम बंगाल में 23 और 29 अप्रैल को मतदान होना है। ऐसे में बड़ी संख्या में बाहर काम कर रहे लोगों के अपने गृह राज्य लौटने की संभावना को देखते हुए यह व्यवस्था की गई है। रेलवे का फोकस खासतौर पर उन रूट्स पर है, जहां बंगाल, असम और अन्य राज्यों के श्रमिक और मध्यम वर्गीय लोग अधिक संख्या में रहते हैं।
पुणे-एलटीटी-वलसाड रूट से सांतरागाछी और खड़गपुर के लिए विशेष ट्रेनें चलाई जा रही हैं, जिससे महाराष्ट्र और गुजरात में रहने वाले लोग समय पर अपने गंतव्य तक पहुंच सकें। वहीं दुर्ग, गोंदिया और इतवारी से चलने वाली ट्रेनें भी यात्रियों के लिए अहम साबित होंगी। पटना-रक्सौल कॉरिडोर से मालदा, दिनाजपुर, वीरभूम और हल्दिया जैसे इलाकों तक पहुंचने की सुविधा दी जा रही है।
रेलवे ने पहले से रद्द कुछ ट्रेनों को भी बहाल किया है। गोंदिया में तकनीकी कार्य के कारण रद्द की गई शालीमार-एलटीटी एक्सप्रेस को दोबारा शुरू कर दिया गया है। इसके अलावा शालीमार-इतवारी के बीच नई साप्ताहिक ट्रेन भी चलाई जा रही है।
हाल के दिनों में हावड़ा रूट पर चलने वाली ट्रेनों की समयपालन स्थिति में भी सुधार देखा गया है। जो ट्रेनें पहले देरी से चलती थीं, वे अब निर्धारित समय पर चल रही हैं। इससे यात्रियों को राहत मिली है और चुनाव के दौरान यात्रा सुगम होने की उम्मीद बढ़ी है।





