मैनपाट में पर्यटन को मिलेगा नया बढ़ावा, अटल विहार योजना के तहत बनेगा आधुनिक पर्यटन–आवासीय परिसर

रायपुर। छत्तीसगढ़ के ‘शिमला’ के नाम से प्रसिद्ध मैनपाट में पर्यटन सुविधाओं और आवासीय विकास को नई गति देने के लिए राज्य सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। सरकार ने 4.80 हेक्टेयर (करीब 12 एकड़) भूमि अटल विहार योजना के तहत छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल को आवंटित की है।
गृह निर्माण मंडल के अध्यक्ष अनुराग सिंह देव ने बताया कि इस जमीन पर जल्द ही एक आधुनिक और बहुउपयोगी पर्यटन–आवासीय परिसर का निर्माण किया जाएगा। यह परियोजना प्राकृतिक परिवेश के अनुरूप विकसित की जाएगी, जिससे मैनपाट आने वाले पर्यटकों को बेहतर, सुरक्षित और किफायती ठहरने की सुविधा मिल सके।
वेलनेस सेंटर और आधुनिक सुविधाएं
परियोजना में केरल मॉडल पर आधारित वेलनेस सेंटर, प्राकृतिक पंचकर्म चिकित्सा, हर्बल स्पा और आयुष सेवाएं विकसित करने की योजना है। इसके साथ ही यहां 24×7 क्लब हाउस, मिलेट्स कैफे, जिम, स्विमिंग पूल, किड्स प्ले एरिया, स्टीम बाथ और एंटरटेनमेंट ज़ोन जैसी आधुनिक सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जाएंगी।
पर्यावरण अनुकूल विकास को ध्यान में रखते हुए ट्री हाउस, कॉटेज और स्थानीय संस्कृति से जुड़ा एक सांस्कृतिक क्षेत्र भी तैयार किया जाएगा, जहां पर्यटक क्षेत्र की जीवनशैली और परंपराओं का अनुभव कर सकेंगे।
पर्यटन और रोजगार को मिलेगा बढ़ावा
अनुराग सिंह देव ने कहा कि यह निर्णय मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के मार्गदर्शन में, आवास एवं पर्यावरण मंत्री ओ.पी. चौधरी और पर्यटन मंत्री राजेश अग्रवाल के प्रयासों से संभव हुआ है।
उन्होंने बताया कि इस परियोजना से पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा, स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे और हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में नई संभावनाएं खुलेंगी।
पर्यटन मंत्री राजेश अग्रवाल ने इसे राज्य के पर्यटन विस्तार के लिए मील का पत्थर बताते हुए कहा कि आधुनिक सुविधाओं के विकास से पर्यटकों को बेहतर अनुभव मिलेगा और छत्तीसगढ़ का पर्यटन उद्योग और मजबूत होगा।
वहीं सीतापुर विधायक रामकुमार टोप्पो ने कहा कि यह परियोजना मैनपाट के समग्र विकास में अहम भूमिका निभाएगी और स्थानीय लोगों को रोजगार तथा व्यापार के नए अवसर प्रदान करेगी।





