युक्तियुक्तकरण विवाद पर शिक्षकों की बगावत, हाईकोर्ट में दर्जनों याचिकाएं दाखिल…

प्रदेश में शिक्षकों के बीच उबाल है युक्तियुक्तकरण की प्रक्रिया को लेकर भारी असंतोष फैल चुका है और अब यह मामला सीधे हाईकोर्ट की चौखट तक पहुंच गया है।
प्रदेशभर के 70 से अधिक शिक्षकों ने प्रक्रिया में गड़बड़ी के खिलाफ हाईकोर्ट में याचिकाएं दाखिल की हैं, जिसमें सीनियर को अतिशेष बताकर जूनियर को नियुक्त करने, विषय विशेषज्ञ शिक्षकों को दूर-दराज़ भेजने जैसे आरोप शामिल हैं।
जस्टिस रविंद्र अग्रवाल की एकल पीठ में सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने शिक्षकों को आंशिक राहत देते हुए निर्देश दिए हैं कि वे 13 जून तक कलेक्टर की अध्यक्षता में गठित जिला स्तरीय समिति के समक्ष अभ्यावेदन प्रस्तुत करें।
इसके बाद यह समिति 16 जून तक मामले का निपटारा करेगी।
हाईकोर्ट में पेश याचिकाओं में शिक्षकों ने आरोप लगाया है कि उनके वरिष्ठता के बावजूद उन्हें अतिशेष बताकर 45 किलोमीटर दूर तबादला कर दिया गया है, जबकि उनके स्थान पर जूनियर शिक्षक को नियुक्त किया गया है।
एक शिक्षिका ने कोर्ट को बताया कि वे भूगोल और अंग्रेजी दोनों पढ़ा सकती हैं, फिर भी उन्हें बदले में एक कम अनुभवी शिक्षक से रिप्लेस कर दिया गया।
गुरुवार को इस मामले में 300 से अधिक और याचिकाओं पर सुनवाई होने वाली है। ऐसे में अब बड़ा सवाल यह है कि क्या शिक्षा विभाग इस अव्यवस्था की ज़िम्मेदारी लेगा?क्या शिक्षकों को मिलेगा न्याय?





